बहादुरगढ़। ओमिक्रॉन के भारत में दस्तक देने के बाद लोगों की चिंता भी कई तरह से बढ़नी शुरू हो गई। विवाह समारोह से जुड़े कारोबारी और दूसरे व्यवसाय करने वालों को भी कई तरह की आशंका परेशान करने लगी है। हालांकि, दिल्ली से सटे बहादुरगढ़ क्षेत्र में अभी तक ओमिक्रॉन संक्रमित कोई केस नहीं मिला है।
विवाद समारोह से जुड़े कारोबारियों को डर सता रहा है कि कहीं पिछली बार की तरह इस बार भी कोरोना का साया विवाह समारोहों पर न पड़ जाए। बैंक्वेट हॉल, कैटरिंग की बुकिंग हो रही है। दस दिन पहले तक बैंक्वेट हॉल वाले काफी उत्साहित दिखाई दे रहे थे, लेकिन कोरोना की संभावित तीसरी लहर ने उनकी चिंता बढ़ा दी है। उन्होंने काफी पैसा खर्च करके बैंक्वेट हॉल, वाटिकाएं सजाकर तैयार की हैं पर अब आशंकित हो रहे हैं। टेंट व वाटिका से जुड़े व्यवसायी नीटू, सुनील, ओम व योगेश ने कहा कि पहले कोरोना की मार ने उन्हें परेशान किया। अब किसी तरह से उनका काम-धंधा फिर से पटरी पर लौटने लगा तो अब ओमिक्रॉन की देश में दस्तक से उन्हें फिर चिंता में डाल दिया है।
दिसंबर से मई माह तक शादियों के अनेक शुभ महूर्त हैं। 14 दिसंबर के बाद एक माह तक शादियों का दौर मल मास लगने के कारण बंद रहेगा, लेकिन 15 जनवरी से शादियों का सीजन फिर शुरू होगा और मई माह तक अनेक शुभ महूर्त हैं। पंडित विजय पाल का कहना है कि जनवरी माह में 22, 23, 24 और 25 तारीख को विवाह के शुभ महूर्त हैं। इसी प्रकार फरवरी माह में 5, 6, 7, 9, 10, 11, 12, 18, 19, 20, 22, मार्च में 4 व 9 मार्च, अप्रैल 14, 15, 16, 17, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 27 और मई माह में 2, 3, 9, 10, 11, 12, 15, 17, 18, 19, 20, 21, 26, 27 व 31 को विवाह के लिए शुभ महूर्त बनते हैं। कोरोना के नए स्वरूप ओमिक्रॉन के केस देश में बढ़े तो शादी-विवाह समारोह प्रभावित हो सकते हैं। आयोजकों को चिंता सता रही है कि पिछली बार की तरह इस बार भी सरकार विवाह आयोजनों में मेहमानों की संख्या सीमित न कर दे। ऐसा होता है तो उन्हें कई तरह की परेशानी उठानी पड़ेगी।