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पेपर लीक मामले में कैथल जेल से पांचवें आरोपी को प्रोडक्शन वारंट पर लाई पुलिस

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फतेहाबाद। हरियाणा कर्मचारी आयोग द्वारा आयोजित पुरुष सिपाही भर्ती परीक्षा लीक से जुड़े मामले में शहर पुलिस ने पांचवें आरोपी जींद निवासी रमेश मास्टर को प्रोडक्शन वारंट पर लेकर शामिल जांच किया गया है। पुलिस आरोपी को कैथल जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई है। पूछताछ में सामने आया है कि पेपर पास करवाने की 18 लाख की डील होने बाद रमेश ने आंसर की (उत्तर कुंजी) उपलब्ध करवानी थी। जींद निवासी रमेश मास्टर कैथल में अकादमी चलाता है। रमेश की यहां के आरोपियों के साथ सेंटिंग थी। पूछताछ के बाद आरोपी को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया। यहां से न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
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चार आरोपी पहले हो चुके हैं गिरफ्तार
हरियाणा कर्मचारी आयोग की तरफ से 7 और 8 अगस्त को पुरूष सिपाही की परीक्षा थी। पेपर लीक होने के बाद इस परीक्षा को एचएसएससी ने रद्द कर दिया था। मामले में पुलिस को दी शिकायत में जांडवाला सोत्तर निवासी विरेंद्र ने बताया था कि उसने हरियाणा पुलिस भर्ती लिए के फार्म भरा हुआ था। किसी ने उसे बताया कि लक्ष्य अकादमी संचालक गांव अयाल्की निवासी सतीश रुपये लेकर नौकरी लगवाता है। चार अगस्त को वह सतीश से सिपाही परीक्षा का पेपर पास करवाने और नौकरी लगवाने के लिए मिला। उसने कहा कि गांव दरियापुर निवासी कुनाल रुपये लेकर नौकरी लगवाता है। 6 अगस्त को वह दोबारा लक्ष्य अकादमी पर गया तो यहां पर सतीश ने उसे कुनाल से मिलवाया। यहां पर दोनों ने कहा कि पेपर पास करवाकर नौकरी लगवा देंगे, लेकिन इसके लिए 18 लाख रुपये देने होंगे। उसने वाट्सअप के जरिए सारी जानकारी उक्त लोगों को दे दी। उसका सिरसा में गुरूनानक स्कूल में पेपर था। लेकिन आरोपियों ने उसकी मदद नहीं की। शहर पुलिस ने मामला दर्ज कर कैथल निवासी भानसिंह, अकादमी संचालक गांव अयाल्की निवासी सतीश तथा गांव दरियापुर निवासी कुनाल को गिरफ्तार कर लिया था।
आरोपी को जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर किया है शामिल जांच
पेपर लीक से जुड़े मामले में जो आरोपी पहले पकड़े गए थे, उनसे पूछताछ में आरोपी रमेश का नाम सामने आया था। आरोपी रमेश को जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर शामिल जांच किया गया है।
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- सुरेंद्रा, शहर थाना प्रभारी
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