पानीपत के गांव डाहर की हरिजन बस्ती में शुक्रवार सुबह 7:30 बजे दशहरा पर्व पर खिलौनों की स्टाल लगाते वक्त बड़ा हादसा हो गया। हाईटेंशन तार की चपेट में आने से दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन लोग झुलस गए। ग्रामीणों ने उपरोक्त हादसे के बाद जिला प्रशासन और बिजली विभाग के खिलाफ रोष प्रकट किया। सूचना मिलते ही इसराना थाना पुलिस मौके पर पहुंची। शवों को पोस्टमार्टम के लिए सामान्य अस्पताल के शव गृह में रखवाया गया। हर साल की तरह इस साल भी गांव डाहर की हरिजन बस्ती में शुक्रवार सुबह 7 बजते ही खिलौनों की स्टाल लगाने वाले पहुंचने शुरू हो गए थे। सभी ने अपनी-अपनी जगह चयनित की और साफ सफाई शुरू कर दी। जैसे ही गांव बाहर निवासी धर्मवीर पुत्र दिलबाग सिंह (30) ने अपनी स्टाल लगाने के लिए लोहे के पोल को खड़ा किया, तो वह ऊपर से गुजर रहे 11 हजार वोल्ट के हाईटेंशन तार की चपेट में आ गया।
यह भी पढ़ें-
हरियाणा में बर्बर वारदात: कुंडली बॉर्डर पर पंजाब के युवक की हत्या, पिटाई के बाद हाथ काट बैरिकेड से लटकाया
शोर मचने पर मदद के लिए आए थे चारों
धर्मवीर ने शोर मचाया तो कीमती लाल (25), नवाब (22), चांद (18) और अरुण (22) उसे बचाने के लिए आए। वे भी चपेट में आ गए। उपरोक्त हादसे में धर्मवीर और कीमती लाल की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि नवाब, चांद और अरुण झुलस गए। हादसे के बाद मौके पर हड़कंप मच गया। झुलसे हुए तीनों युवकों को सामान्य अस्पताल पहुंचाया गया, वहीं, हादसे की सूचना मिलते ही इसराना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और कार्रवाई के बाद दोनों युवकों के शव को पोस्टमार्टम के लिए सामान्य अस्पताल के शव गृह में रखवाया।
ग्रामीणों में जनता हैचरी मालिक के खिलाफ रोष
गांव डाहर निवासी नरेश कुमार ने बताया कि गांव बुड़शाम में जनता हैचरी है, जिसके मालिक की गांव डाहर के पावर हाउस से लेकर बुड़शाम तक 11 हजार वोल्टेज के हाईटेंशन तार की निजी लाइन है। जो हरिजन बस्ती से होकर गुजरती है, जिस वजह हर साल कोई न कोई हादसा हो रहा है।
यह भी पढ़ें-
सोनीपत: सीजेएम पानीपत के गनमैन पर तीन बदमाशों ने चाकू से हमला कर सर्विस रिवॉल्वर और कैश लूटा
3 साल से लगातार बिजली विभाग और प्रशासन को दे रहे पत्र
ग्रामीण अनिल ने बताया कि तीन साल पहले हाईटेंशन तार की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई थी। जिसके बाद से वे लगातार जिला उपायुक्त और बिजली विभाग के एसडीओ को शिकायत पत्र लिख बिजली लाइन को हटवाने की अपील कर रहे हैं, लेकिन प्रशासन और बिजली विभाग की तरफ से कोई सुनवाई नहीं की गई। समय रहते प्रशासन उनकी समस्या को सुनता और समाधान करता, तो आज यह हादसा नहीं होता।
तीन बहनों का इकलौता भाई था कीमती लाल
दशहरा पर्व पर हादसे की सूचना मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। परिजनों ने बताया कि मृतक कीमती लाल तीन बहनों का इकलौता भाई था। उसके पिता बादल की चाय की दुकान है, जिससे वह अपना गुजारा कर रहे थे। वहीं, दूसरी ओर मृतक धर्मवीर बहन-भाइयों में सबसे बड़ा था। वह पानीपत शुगर मिल में काम करता था।
यह भी पढ़ें-
सुरक्षा में सेंध: पैसों के बदले पाकिस्तान को देता था सेना की खुफिया सूचनाएं, अंबाला से पकड़ा गया सैन्यकर्मी
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई थी, शवों को पोस्टमार्टम के लिए सामान्य अस्पताल के शव गृह में रखवाया गया है। परिवार की तरफ से दी जाने वाली शिकायत पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
-दीपक कुमार, थाना प्रभारी, इसराना