फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गोरखपुर बिजली निगम: चौरीचौरा खंड में लगा दिए शहरी क्षेत्र के 56 खंभे, मुख्य अभियंता ने दिया खास निर्देश

Fri, 15 Oct 2021 02:47 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

मामला पकड़ आने के बाद मुख्य अभियंता राजेंद्र प्रसाद ने फर्म को खंभे शहरी क्षेत्र में लगवाने का निर्देश दिया है। ऐसा न करने पर इन खंभों और तार की कीमत फर्म के भुगतान से काट ली जाएगी।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

गोरखपुर बिजली निगम की बांस बल्ली योजना के तहत काम करने वाली फर्म ने बिजली के 56 नए खंभे चौरी चौरा वितरण खंड में लगा दिए। जबकि, इन खंभों को शहरी क्षेत्र के पादरी बाजार वितरण खंड में लगाया जाना था। मामला पकड़ आने के बाद मुख्य अभियंता राजेंद्र प्रसाद ने फर्म को खंभे शहरी क्षेत्र में लगवाने का निर्देश दिया है। ऐसा न करने पर इन खंभों और तार की कीमत फर्म के भुगतान से काट ली जाएगी।
विज्ञापन


जानकारी के मुताबिक शहरी क्षेत्र से बांस-बल्ली हटाने के लिए शासन की ओर से 11 करोड़ का बजट 20 सितंबर को ही जारी किया गया था। इस काम में लगी फर्म ने शहरी क्षेत्र में काम पूरा करने की जगह मनमाने तरीके से चौरीचौरा वितरण क्षेत्र के छपरा मंसूर, मुंडेरा बाजार समेत आधा दर्जन गांवों में योजना के 115 खंभे खपा दिए।

मुख्य अभियंता को सूचना हुई तो उन्होंने इसकी जांच करवाई। तब जाकर मामला खुला। पता चला कि 56 खंभों व पांच किलोमीटर एबीसी केबल फर्म के ठेकेदारों ने मनमाने तरीके से लगा दिया है। इसके बाद मुख्य अभियंता ने बुधवार को फर्म के स्थानीय जिम्मेदारों को दफ्तर बुलवाया। उनसे साफ कहा कि सभी गाड़े गए सभी 56 खंभों को उखाड़ कर शहरी क्षेत्र के पादरी बाजार में लगाया जाए। नहीं लगाए तो भुगतान में उक्त खंभों की राशि को काट ली जाएगी।  
विज्ञापन


छपरा मंसूर, मुंडेरा बाजार आदि गांव के लोगों ने कहा कि यह फर्म और बिजली निगम का विवाद है। लंबे समय बाद खंभे गाड़े गए हैं। इससे लोगों को बेहतर और सुरक्षित बिजली मिल रही है। खंभा उखाड़ने का काम नहीं होने दिया जाएगा। मुख्य अभियंता राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि फर्म को खंभे हटाकर पादरी बाजार क्षेत्र में लगाने के लिए निर्देशित किया गया है। इस संबंध में फर्म के स्थानीय प्रतिनिधि का पक्ष नहीं मिल सका है। पक्ष मिलने पर प्रकाशित किया जाएगा।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें