नाबालिग भाई के साथ प्रवेश ने गला दबाकर की थी मोनू की हत्या
बुलन्दशहर निवासी प्रवेश की शादी लगभग 10 साल पूर्व गांव सुराना निवासी मोनू यादव के साथ हुई थी। उनके एक आठ वर्षीय पुत्र और सात वर्षीय पुत्री है। मोनू एक प्राइवेट कंपनी में सुरक्षा गार्ड है। पुलिस पूछताछ में प्रवेश ने बताया कि मोनू यादव का नशे का आदी था और आए दिन शराब पीकर उसकी पिटाई करता था। शादी के बाद से ही मोनू प्रवेश को प्रताड़ित करने लगा था। कई बार मोनू ने प्रवेश पर जानलेवा हमला किया था। झगड़े के बाद प्रवेश अपने मायके चली जाती थी, ऐसा कई बार हुआ। छह माह पूर्व भी मोनू ने प्रवेश पिटाई कर उसे घायल कर दिया था। इसके बाद वह अपने मायके चली गई। पंचायत के बाद मोनू यादव प्रवेश को सुराना ले आया। इस बार प्रवेश के साथ उसका 16 वर्षीय भाई भी सुराना आ गया। कुछ दिन ठीक रहने के बाद मोनू ने फिर प्रवेश के साथ मारपीट शुरू कर दी। प्रवेश के का 16 वर्षीय भाई हर बार प्रवेश को बचाता था। मंगलवार रात मोनू ने शराब के लिए पैसे मांगे,मगर प्रवेश ने मना कर दिया। इस पर मोनू प्रवेश को बुरी तरह पीटा।
बुधवार सुबह मोनू यादव एक बार फिर शराब पीकर घर पहुंचा और झगडा होने लगा। मोनू प्रवेश की पिटाई करने लगा। प्रवेश के छोटे भाई ने बचाने का प्रयास किया तो मोनू ने उसे भी पीटा। इसके बाद प्रवेश और उसका भाई दोनों मोनू को पकड़ कर कमरे में ले गए और दोनों उसे बेरहमी से पीटा,नशा ज्यादा होने के कारण मोनू बचाव नहीं कर सका। इसके बाद प्रवेश ने मोनू के हाथ पकड़ लिए और मोनू ने गला दबाकर हत्या कर दी। मोनू की हत्या करने के बाद प्रवेश और प्रवेश के छोटे भाई ने गले में बिजली का केबल बांध कर शव खूंटी पर टांग दिया था।
मोनू की हत्या के बाद प्रवेश ने अपना नाबालिग भाई भेज दिया मजदूरी करने
मोनू की हत्या कर शव खूंटी पर टांगने के बाद प्रवेश ने पुलिस की आंखों में धूल झोंकने के लिए अपने नाबालिग भाई को मजदूरी के बहाने वहां से बाहर भेज दिय,ताकि किसी को हत्या का शक न हो। मोनू की खुदकुशी की सूचना के बाद ग्रामीणों की भीड़ जमा होने पर वह लौट कर आया। इसके बाद दोनों बहन भाई मोनू के शव से लिपटकर रोने लगे।
माता, पिता ने पूछा तो बताया कि मारपीट के कारण मोनू को कमरे में बदं कर दिया
मोनू यादव परिवार सहित मकान के उपरी हिस्से में रहता था। जबकि पिता ईश्वर सिंह और माता संतोष देवी नीचे रहते थे। प्रवेश और उसके नाबालिग भाई ने मोनू की हत्या कर खुदकुशी दर्शाने के लिए शव खूंटी पर टांग दिया था। इस बीच शोर शराबा होने पर माता पिता ने पूछा तो प्रवेश ने बताया कि मोनू उसकी पिटाई कर रहे थे। इसलिए उन्हे कमरे में बंद कर दिया है। पुलिस ने कमरा खोला तो माता-पिता को मोनू की खुदकुशी की जानकारी लगी।
मोनू की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या की पुष्टि हुई है। पत्नी प्रवेश और प्रवेश के नाबालिक भाई ने मोनू की गला दबाकर हत्या की थी। हत्या को खुदकुशी दर्शाने के लिए शव खूंटी पर टांग दिया था। मोनू के पिता ईश्वर की तहरीर पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर मोनू पत्नी प्रवेश को गिरफ्तार कर लिया और उसके नाबालिग भाई को बाल सुधार गृह भेज दिया है। -नरेश कुमार एसीपी मसूरी।