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उत्तराखंड में कोरोना: तीसरी लहर में संक्रमित बच्चों को अस्पताल ले जाने के लिए अलग से तैनात होंगी 80 एंबुलेंस 

Thu, 22 Jul 2021 07:40 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

बता दें कि प्रदेश में 108 आपातकालीन सेवा के तहत 272 एंबुलेंस संचालित हैं। जिसमें 218 बेसिक लाइफ सपोर्ट और 54 एडवांस लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस शामिल हैं।
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एंबुलेंस - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कोरोना की संभावित तीसरी लहर में बच्चों पर संक्रमण के ज्यादा प्रभाव को देखते हुए उत्तराखंड स्वास्थ्य विभाग की ओर से सभी जनपदों में स्वास्थ्य सुविधाओं के इंतजाम किए जा रहे हैं। संक्रमित बच्चों को अस्पताल तक पहुंचाने के लिए अलग से पिडियाट्रिक एंबुलेंस संचालित की जाएगी। बच्चों के हिसाब से एंबुलेंस में चिकित्सा उपकरण होंगे। 

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प्रदेश में 108 आपातकालीन सेवा के तहत 272 एंबुलेंस संचालित हैं। जिसमें 218 बेसिक लाइफ सपोर्ट और 54 एडवांस लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस शामिल हैं। कोरोना की तीसरी लहर में संक्रमित बच्चों को हायर सेंटर रेफर करने के लिए 80 पिडियाट्रिक एंबुलेंस को संचालित किया जाएगा। जिसके विभाग ने जनपद वार एंबुलेंस को चयन कर लिया है। पिडियाट्रिक एंबुलेंस में बच्चों के अनुसार चिकित्सा उपकरण होंगे। साथ ही एंबुलेंस में तैनात कर्मचारियों को प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। 
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निजी अस्पतालों के बाल रोग विशेषज्ञों की भी ट्रेनिंग
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में सरकारी, निजी अस्पतालों, मेडिकल कॉलेजों में लगभग 335 बाल रोग विशेषज्ञ हैं। सरकारी अस्पतालों व मेडिकल कॉलेजों में तैनात बाल रोग विशेषज्ञों को ट्रेनिंग दी जा रही है। वहीं, निजी अस्पतालों के बाल रोग विशेषज्ञों को भी संक्रमित बच्चों के उपचार व देखभाल की ट्रेनिंग दी जाएगी। 

कोरोना की संभावित तीसरी में बच्चों को संक्रमण से बचाव व उपचार के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं की व्यवस्था की जा रही है। 108 आपातकालीन सेवा से 80 पिडियाट्रिक एंबुलेंस को संचालित किया जाएगा। इसके लिए जनपदों के हिसाब से एंबुलेंस चिन्हित की गई। बाल रोग विशेषज्ञ, नर्सों व अन्य पैरामेडिकल स्टाफ को भी संक्रमित बच्चों के उपचार व देखभाल की ट्रेनिंग दी जा रही है। 
- डॉ. सरोज नैथानी, निदेशक एनएचएम व सदस्य सचिव स्टेट टास्क फोर्स

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