हरियाणा के पूर्व डिप्टी सीएम और जेजेपी नेता दुष्यंत चौटाला
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जजपा नेता दुष्यंत चौटाला ने शनिवार को सैनी सरकार को निशाने पर लिया। उन्होंने कहा-दिल्ली से जुड़े इस मामले में दिल्ली क्राइम ब्रांच की सूचना पर हुई कार्रवाई पर हरियाणा के सीएम को श्रेय लेने की बजाय हरियाणा में लगातार अपराध की हो रही घटनाओं से निपटना चाहिए।
उन्होंने कहा कि सीएम नायब सैनी ने शपथ के बाद अपराधियों को प्रदेश छोड़ने की बात कही थी। आज प्रदेश की कानून व्यवस्था का इतना बुरा हाल है कि सरेआम फिरौती, डकैती, फायरिंग, मर्डर जैसी घटनाएं हो रही हैं। ये घटनाएं साबित करती है कि नायब सैनी का गृहमंत्री के नाते पुलिस पर कोई कंट्रोल नहीं है।
उन्होंने सीएम से सवाल किया कि मुख्यमंत्री पूर्ण रूप से कंट्रोल अपने हाथ क्यों नहीं ले रहे हैं? उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह को ये स्पष्ट करना चाहिए कि जिन फैसलों को वे बदल रहे हैं, वे फैसले पूर्व मुख्यमंत्री ने गलत लिए थे क्या?
ई-टेडरिंग का फैसला वित्त विभाग और चीफ सेक्रेटरी का था
ई-टेंडरिंग के फैसले पर दुष्यंत चौटाला ने स्पष्ट किया कि पूर्व गठबंधन सरकार में यह निर्णय पंचायत विभाग का नहीं था बल्कि वित्त विभाग और चीफ सेक्रेटरी का था, हमने इस पर बार-बार विरोध भी जताया था। ई-टेंडरिंग की वजह से जजपा को नुकसान भी झेलना पड़ा। दुष्यंत ने कहा कि स्टिल्ट प्लस फोर भवन निर्माण को दोबारा अनुमति देना का जजपा विरोध करती है और सरकार इसे तुरंत वापस ले अन्यथा इसका पुरजोर विरोध किया जाएगा। आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा-प्रॉपर्टी आईडी में जमकर भ्रष्टाचार हो रहा है। रिश्वत लेकर किसी की आईडी में पांच मिनट में संशोधन किया जा रहा है तो किसी को दो महीने के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।