मुख्यालय के पं. कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय में संचालित डायलिसिस सेंटर का दायरा जल्दी बढ़ जाएगा। जहां प्रतिदिन पहले जहां एक बार में 10 मरीजों की डायलिसिस होती थी अब वह बढ़कर 15 मरीजों की व्यवस्था की जा रही है। इस व्यवस्था के बढ़ने के कारण मरीजों और जिम्मेदारों को काफी राहत मिलेगी और डायलिसिस के नंबरिंग में भी कमी आएगी।इसका दायरा बढ़ने से मरीज के लिए यह वरदान साबित होगा और समय की भी बचत होगी। जिला मुख्यालय स्थित पंडित कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय परिसर में अगस्त 2022 में सुबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से ऑनलाइन डायलिसिस सेंटर का शुभारंभ किया गया। इसके बाद से यहां डायसिस का शुभारंभ किया गया। उक्त परिसर में लगभग 10 बेड संचालित होते हैं जहां प्रतिदिन किडनी के गंभीर मरीजों का डायलिसिस कुशल चिकित्सक द्वारा किया जाता है। जनपद में अब तक की बात करें तो लगभग नौ हजार से अधिक मरीजों का डायलिसिस किया गया। इसके चलते मरीजों और उनके तीमारदारों को भारी राहत मिली है। जिसके चलते आर्थिक क्षति के साथ-साथ अन्य क्षति ना होने में भी राहत मिली है। जनपद नहीं कर जनपद के आसपास के लोग भी कराने के लिए आते हैं। जिसका लाभ सीधे मरीजों और तीमारदारों को मिल रहा है इसके चलते यह डायसिस सेंटर जनपद के लिए वरदान साबित हुआ है। वही लोगों का कहना है कि डायलिसिस सेंटर में बच्चों के साथ साथ हैपेटाइटिस बी के मरीजों को भी डायसिस की जाए,ताकि लोगों को बाहर जाना ना पड़े। दायरा बढ़ने से मरीजों को मिलेगी राहत, प्रतिदिन 45 होगी डायलिसिस चंदौली। बाबा कीनाराम स्वशासी मेडिकल कॉलेज से संबंध पंडित कमलापति त्रिपाठी सयुंक्त जिला चिकित्सालय परिसर में डायलिसिस सेंटर में ऐसे मरीज हैं,जिन्हें आज भी डायलिसिस के लिए प्रतीक्षा करना पड़ता है। सेंटर में 10 बेड पर प्रतिदिन 30 मरीजों की डायलिसिस होती है, लेकिन मरीजों की संख्या अधिक होने के कारण अन्य मरीजों को समय दिया जाता है। जिससे वह प्रतीक्षारत रहते हैं, जब उनकी बारी आती है तब उनका डायलिसिस किया जाता है।वहीं मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी होने के कारण इस व्यवस्था को सुधार लाने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रशासन की ओर से पांच बेड और बढ़ाने की व्यवस्था की जा रही है,ताकि कम लोग प्रतीक्षारत रहे और 45 मरीजों की डायलिसिस प्रतिदिन हो सके। इससे मरीज और तीमारदार दोनों को राहत मिलेगी और समय के साथ-साथ आर्थिक क्षति भी नहीं उठानी पड़ेगी। पंडित कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय में 2022 अगस्त महीने से लाइसेंस का कार्य शुरू है। पहले जहां 10 मरीजों की डायलिसिस होती थी, लेकिन अब वह जल्द ही बढ़ाई जाएगी। अब 10 की जगह 15 मरीजों की डायलिसिस प्रतिदिन होगी। इससे मरीजों और तीमारदारों को राहत मिली है। डॉ अमित कुमार सिंह आचार्य, बाबा कीनाराम स्वशासीय मेडिकल कॉलेज चंदौली।