उत्तर प्रदेश का सबसे बड़ा गंगा एक्सप्रेस-वे का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। 29 अप्रैल से इस पर लोग फर्राटा भर सकेंगे। जिले में एक्सप्रेस-वे की लंबाई 78 किमी है। इस पर फर्राटा भरने के लिए दो एंट्री पॉइंट बनाए गए हैं। इसके अलावा किसी जगह से लोग एक्सप्रेस-वे पर नहीं चढ़ सकेंगे। 250 गांव के निकट से निकले एक्सप्रेस-वे के किनारे सर्विस रोड बनाई गई है ताकि स्थानीय लोगों को आने-जाने में सहूलियत मिल सके। यह मिलेंगी सुविधाएं: 78 किमी का हिस्सा रायबरेली के 250 से अधिक गांवों को जोड़ेगा। जिले में दो एंट्री पॉइंट के साथ ही स्थानीय निवासियों के लिए सर्विस रोड की सुविधा उपलब्ध है। औद्योगिक इकाइयों और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा जिससे औद्योगिक विकास को रफ्तार मिलेगी। भारी वाहनों के लिए माल परिवहन में आसानी होगी जिससे समय की बचत होगी। 12 जिलों को जोड़ने वाले इस एक्सप्रेसवे से स्थानीय कृषि उत्पादों को बड़े बाजारों तक ले जाना आसान होगा। 200 एकड़ में औद्योगिक कॉरिडोर बनेगा। ऐहार व जगतपुर में एक्जिट और इंट्रेंस पाइंट बना है।