प्रदेश में बिजली के निजीकरण के लिए ट्रांजेक्शन कंसलटेंट नियुक्त करने के लिए प्री-बिडिंग कॉफ्रेंस के विरोध में विद्युत कर्मियों ने प्रदर्शन किया। फतहां स्थित विद्युत विभाग के मुख्य अभियंता वितरण के कार्यालय पर बृहस्पतिवार को प्रदर्शन किया गया। कहा गया कि बिजली के निजीकरण का निर्णय वापस होने तक लगातार संघर्ष जारी रहेगा। इस अवसर पर आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि 24 व 25 जनवरी को बिजली कर्मी पूरे दिन काली पट्टी बांधकर काम करेंगे और भोजनावकाश या कार्यालय समय के बाद विरोध सभाएं करेंगे। 25 जनवरी को संघर्ष समिति संघर्ष के नये चरणों की घोषणा करेगी। संघर्ष समिति ने कहा कि बिजली कर्मचारियों को प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर पूरा विश्वास है। संघर्ष समिति ने प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से कहा है कि वे निजीकरण के मामले में प्रभावी हस्तक्षेप करें। जिससे इस मामले में पॉवर कारपोरेशन के चेयरमैन को मनमाने ढंग से कार्य करने से रोका जा सके और निजीकरण की प्रक्रिया वापस हो। सभा को संघर्ष समिति के प्रदीप कुमार मौर्य, रमेश कनौजिया, विनोद चौधरी ने संबोधित किया। इस अवसर पर बृजेश कुमार दुबे, सर्वेश कुमार दुबे, संतोष कुमार यादव, अरुण कुमार, रामजन्म यादव, अनिल कुमार सिंह आदि उपस्थित रहे।