मेरठ। 2027 में लोक मोर्चा बगैर उप्र में सरकार नहीं बनेगी। मोर्चा के घटक दल उप्र की सभी विधान सभाओं पर प्रत्याशी उतारेंगे। यह लड़ाई उप्र के दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यकों के भविष्य की है। अगर पसमांदा समाज नहीं जगा तो आने वाली नस्ल भी माफ नहीं करेंगी। उप्र में लोक मोर्चा की सरकार बनी तो सरकारी नौकरी, शिक्षा, चिकित्सा अन्य सभी विभागों में सभी को बराबरी का स्थान दिया जाएगा। यह बात राष्ट्रीय लोकतंत्र सुरक्षा पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व सांसद चौ. राजकुमार सैनी ने सोमवार को मवाना रोड स्थित मीनाक्षीपुरम में सैनी फार्म हाउस में लोकमोर्चा के तत्वावधान में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में कही। उन्होंने कहा कि उप्र में दलित, पिछड़े, अल्पसंख्यकों को उनका अधिकार दिलाने के लिए कई दलों ने मिलकर लोक मोर्चा का गठन किया है। सभी दलों के नेताओं की विचार धारा से सुंदर प्रदेश और राष्ट्र का निर्माण किया जाएगा। अपनी जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को लोकमोर्चा का नेता चुना गया है। स्वामी प्रसाद मौर्य ही उप्र में सीएम का चेहरा होंगे। उन्होंने कहा कि भाजपा, सपा, कांग्रेस, बसपा आदि विपक्षी दल ओबीसी समाज के सैनी, पाल, प्रजापति, सैन, कश्यप, विश्वकर्मा, दलित और अल्पसंख्यकों को दो से चार टिकट देकर पूरे समाज को अपना पिछलग्गू बना रहे हैं। अब समाज जाग गया हैं। उन्होंने कहा कि विधान सभा चुनावों में लोक मोर्चा सभी समाज को टिकट बटवारे में बराबरी का हिस्सा देगा। सभी समाज के लोग विधान सभा पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि भाजपा ने जिस प्रकार से बिहार में कई लाख लोगों के वोट काटे हैं। उससे साफ जाहिर हो गया है कि भाजपा को अब खतरा दिखने लगा है। सम्यक पार्टी के संस्थापक तपेन्द्र कुशवाहा ने सभी लोगों से आहवान किया कि अपने और देश के भले के लिए केवल सत्ता पर टारगेट करें। जो पार्टी अब से पहले पिछड़े समाजों का भला नहीं कर पायी वह भविष्य में नहीं करेंगी। शिक्षा का अधिकार छीना जा रहा है। पॉलिटिकल जस्टिस पार्टी के संस्थापक बीपी अशोक ने कहा कि अब समय जागने का आ गया है। जागो और अपना अधिकार पाओ। इस अवसर पर स्वतंत्र जनताराज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष घनश्याम कोरी, भारतीय वीर दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष विजय कसाना, विनेश ठाकुर, वसी अहमद ने भी अपने विचार रखे। कार्यक्रम में राजपाल सैनी, सूबेदार रमेश सैनी, राजू सैनी, राकेश सैनी, जिलाध्यक्ष सुशील सैनी आदि मुख्य रहे।