लखनऊ में हुए अग्निकांड के बाद बाद प्रशासन ने मथुरा-वृंदावन में सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाले कोचिंग सेंटर और होटलों पर कार्रवाई की। अभियान के दौरान जैसे ही प्रशासनिक अमला और भारी पुलिस बल व्यावसायिक क्षेत्रों में पहुंचा, कई कोचिंग संचालक और भवन स्वामी प्रतिष्ठानों में ताला लगाकर मौके से भाग गए। हालांकि, प्रशासन ने बेहद सख्त रुख अपनाते हुए भागने वाले संचालकों के सेंटरों के ताले तुड़वाए और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर उन्हें मौके पर ही सील कर दिया। कई ऐसे व्यावसायिक भवन भी रडार पर आए जो बिना स्वीकृत मानचित्र (नक्शे) के या नियमों को ताक पर रखकर बेसमेंट में कोचिंग व अन्य व्यापारिक गतिविधियां संचालित कर रहे थे। सिटी मजिस्ट्रेट अनुपम मिश्र ने बताया कि लखनऊ की घटना से सबक लेते हुए यह अभियान चलाया जा रहा है। शहर के अधिकांश कोचिंग सेंटरों में फायर फाइटिंग सिस्टम (अग्निशमन उपकरण), आपातकालीन निकास और वेंटिलेशन जैसी बुनियादी सुरक्षा सुविधाएं नदारद मिलीं। उन्होंने सख्त लहजे में चेतावनी दी कि बच्चों की जान के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी संस्थान को बख्शा नहीं जाएगा। बिना पंजीकरण, बिना पार्किंग और फायर एनओसी के चल रहे सभी अवैध व्यावसायिक भवनों को चिह्नित कर आगे भी इसी तरह की सीलिंग और जुर्माना की कार्रवाई की जाएगी।