लखीमपुर खीरी के धौरहरा में बारिश के बाद उफनाई घाघरा नदी का जलस्तर मंगलवार को घटने लगा। हालांकि नदी का पानी कम होने के बावजूद बाढ़ प्रभावित ग्रामीणों की मुश्किलें अभी कम नहीं हुई हैं। गांवों और मजरों के आसपास खेतों व रास्तों में अब भी पानी भरा हुआ है।
ईसानगर विकासखंड के चकदहा और ओझापुरवा ग्रामसभाओं के कई मजरों में बाढ़ का पानी घरों तक पहुंच गया था। जलस्तर में कमी आने से ग्रामीणों को कुछ राहत जरूर मिली है, लेकिन खेतों और संपर्क मार्गों पर जलभराव के कारण आवागमन प्रभावित है। कई रास्तों पर घुटनों से लेकर कमर तक पानी भरा होने से ग्रामीणों को आने-जाने में परेशानी हो रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि नदी जिस रफ्तार से घट रही है, अगर अगले 24 घंटे तक यही स्थिति बनी रही तो बाढ़ प्रभावित दर्जनों गांवों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि खेतों में भरे पानी के कारण फसलों को नुकसान की चिंता अभी भी बनी हुई है।
धौरहरा के तहसीलदार आदित्य विशाल ने बताया कि घाघरा नदी का जलस्तर कुछ कम होने से बाढ़ प्रभावित गांवों में भी पानी घट रहा है, खेतो और रास्तों में अधिक पानी होने से ग्रामीणों को सतर्क रहने को कहा गया है, राजस्व टीम निगरानी कर रही है।