मंदिरों के बाहर रेलिंग, पेड़ आदि में हजारों की संख्या में गांठ लगाकर बंधी धागा व पन्नी आपने भी देखी होगी। अब कुछ लोग भीतरगांव इलाके के बिरहर रिन्द नदी के किनारे लगी लोहे की रेलिंग में भी धागा व पन्नी बांधकर अपनी मन्नत मांगने लगे हैं। बहुत लोग इसे हंसकर अंधविश्वास बताते हैं।