श्री राम मंदिर में चंदा चोरी के मामले में विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना के विवादित बयान पर कांग्रेस का विरोध तेज होता जा रहा है। सोमवार को बारिश के बीच कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने ग्रामीण जिलाध्यक्ष संदीप शुक्ला के नेतृत्व में जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर सतीश महाना को विधानसभा अध्यक्ष पद से बर्खास्त करने की मांग की। कांग्रेसियों ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसीएम शिखा शुक्ला को सौंपा। संदीप शुक्ला ने आरोप लगाया कि महाना ने रामभक्तों की आस्था और श्रद्धा का अपमान कर अपने पद की गरिमा और मर्यादा के विपरीत आचरण किया है। रामादेवी चौराहे पर दो दिन पहले कांग्रेसियों पर हमला कराने का भी आरोप लगाया। वरिष्ठ कांग्रेस नेता मदन मोहन शुक्ला ने कहा कि पुलिस प्रशासन को किसी भी राजनीतिक दबाव में काम नहीं करना चाहिए। कांग्रेस नेताओं ने पूर्व में विरोध प्रदर्शन की घोषणा के बाद पुलिस की तरफ से जिलाध्यक्ष को नजरबंद करने और कार्यकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई पर रोष जताया। ज्ञापन देने वालों में पार्षद नूरेन टारजन, अमित पांडेय, इखलाक अहमद डेविड, सतीश दीक्षित, धवल पांडेय, आनंद वर्मा, चंद्रमणि बाजपेई, तन्मय राय, उमेश दीक्षित, नीरज शर्मा, विजय निषाद, देवी प्रसाद निषाद, ममता तिवारी, विमला पासवान, विजय त्रिवेदी, मोहम्मद तुफैल, नरेंद्र चंचल कुशवाहा आदि शामिल रहे।