पहाड़ी और मैदानी क्षेत्रों से पानी छोड़े जाने के कारण गंगा नदी में जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। सोमवार को नदी का जलस्तर मीटर गेज 110 मीटर को पार करते हुए चेतावनी बिंदु 112 मीटर की ओर अग्रसर हो गया है। शाम छह बजे नदी का जलस्तर 110.180 मीटर पर पहुंच गया है जो चेतावनी बिंदु 1.78 मीटर से नीचे है। वहीं घाटों पर कटान होने से आस-पास रहने वालों की चिंता बढ़ने लगी है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार सोमवार सुबह 8 बजे गंगा नदी का जलस्तर 109.700 मीटर शाम 4 बजे बढ़कर 110.150 मीटर व छह बजे 110.180 मीटर बढ़ा, पूरे दिन में 48 सेंटीमीटर की बढ़ोंत्तरी दर्ज की गई है। आयोग की मानी जाए तो अभी जलस्तर में और बढ़ोत्तरी होगी। वहीं सुबह से शाम तक नदी में पानी बढ़ने के कारण नदी के तटीय क्षेत्र बालू घाट, आनंद घाट के बीच तेजी से कटान शुरू हो गई है। बता दे कि सिंचाई विभाग की ओर से मिश्रा कालोनी से पुरानी बजार के बीच कटान निरोधक कार्य कराया गया है लेकिन कार्य पूरा न होने से अब स्थानीय लोगों की दिक्कते बढ़ेंगी। क्योंकि बालू घाट से आनंद घाट के बीच कटान निरोधक कार्य अधूरा है। वहीं तेजी से पानी बढ़ने और कटान होने से आस पास रहने वालों की चिंताए बढ़ती जा रही है। सिंचाई विभाग के एक्सईएन गगन शुक्ला ने बताया कि जो भी कार्य यदि ठेकेदार ने अधूरा छोड़ा है तो उसे दिखवाया जाएगा।