चुनावी शोरगुल के बीच उत्तर प्रदेश में एक बार फिर सिस्टम की मौत हो गई। कानपुर देहात में मासूम की लाश ले जाने के लिए परिवारवालों को गाड़ी भी नहीं दी गई और मजबूरी में कंधे पर 10 साल के मासूम की लाश ले जानी पड़ी। न अस्पताल का दिल पसीजा, न बाजार में किसी का दिल पिघला, जाहिर है चुनाव में भी इन छोटे-मोटे मुद्दों की क्या बिसात?