गोंडा के मेडिकल कॉलेज में रेबीज इंजेक्शन की उपलब्धता के बावजूद मासूम को लखनऊ के केजीएमयू के लिए रेफर कर दिया गया। शिकायत पर एसीएमओ डॉ. जयगोविंद का पारा चढ़ गया। उन्होंने मेडिकल कॉलेज जाकर कर्मियों को फटकार लगाई। अपनी निगरानी में कुत्ते के हमले से घायल दो बच्चों को वैक्सीन लगवाई। साथ ही निर्देशित किया कि सिर्फ फिजीशियन ही नहीं कोई भी चिकित्सक इम्युनोग्लोबुलिन के डोज का परामर्श दे सकता है। किसी भी स्थिति में लोगों को बिना कारण वापस ना किया जाए।