बरेली पुराना शहर में रविवार को जुलूस-ए-मोहम्मदी पर रार का केंद्र इस बार जोगी नवादा रहा। यहां चार अंजुमनों में शामिल पांच सौ लोगों ने मौर्य गली की ओर से निकलने की कोशिश की तो तीखा विरोध हुआ। पुलिस ने अंजुमनों के डीजे हटवा दिए, लेकिन विरोध कम न हुआ। पुलिस पर कभी पानी फेंका गया तो कभी पुलिस ने भीड़ को समझाकर और कभी डपटकर गलियों में भेजने की कोशिश की। डीजे हटवाने के बाद भी रात दो बजे तक जुलूस आगे नहीं बढ़ सका था। बताया जाता है कि जोगी नवादा से हर साल चार अंजुमनें मौर्य गली होकर जुलूस-ए-मोहम्मदी में शामिल होती हैं। हालांकि, अंजुमन में लोगों की संख्या सीमित होती है और डीजे आदि ले जाने की परंपरा नहीं है। पिछले साल कांवड़ यात्रा के दिनों से ही यहां दो समुदायों के बीच तनातनी का माहौल है।