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VIDEO: किराये के बैंक खातों से चलता था 58 करोड़ की साइबर ठगी का नेटवर्क, पांच शातिर गिरफ्तार

बलरामपुर। जिले में सक्रिय बड़े साइबर ठगी गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ करते हुए पांच शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। गिरोह किराये के बैंक खाते और सिमकार्ड लेकर देशभर में ऑनलाइन ठगी का नेटवर्क चला रहा था। जांच में अब तक 58 करोड़ रुपये से जुड़ी शिकायतें सामने आई हैं। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से एंड्रॉयड मोबाइल, एप्पल आईफोन और कूटरचित दस्तावेज बरामद किए हैं। पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने बताया कि साइबर अपराध के हॉटस्पॉट के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत अपर पुलिस अधीक्षक विशाल पांडेय और क्षेत्राधिकारी तुलसीपुर/अपराध डॉ. जितेंद्र कुमार के साथ साइबर थाना प्रभारी आरपी यादव की एक टीम गठित की गई थी। जांच में साइबर फ्राड की बात सामने आई। मंगलवार को पुलिस ने मो. अकरम खान को सुआव नाला के पास से तथा बच्चा लाल उर्फ प्रशांत उर्फ गोलू, आशिफ, प्रतीक मिश्रा और सुजीत सिंह को श्याम बिहार कॉलोनी से गिरफ्तार किया। सभी के एफआईआर दर्ज की गई। लालच देकर किराये पर लेते थे खाते एसपी ने बताया कि पूछताछ में सामने आया कि गिरोह संगठित तरीके से साइबर ठगी का नेटवर्क संचालित कर रहा था। आरोपी लोगों को लालच देकर उनके बैंक खाते और उनसे लिंक मोबाइल सिम किराये पर लेते थे। प्रति खाते के एवज में खाताधारकों को 15 से 20 हजार रुपये तक दिए जाते थे, जबकि खाते उपलब्ध कराने वाले एजेंटों को करीब पांच हजार रुपये कमीशन मिलता था। इसके बाद फर्जी पहचान पत्रों के माध्यम से अतिरिक्त खाते और सिम की व्यवस्था कराई जाती थी। ऑनलाइन ठगी और सट्टा से रकम मंगाकर करते थे सेटलमेंट पुलिस के अनुसार गिरोह परिचित बनकर पैसे मांगने, ऑनलाइन निवेश के नाम पर ठगी और ऑनलाइन सट्टा प्लेटफॉर्म के जरिए लोगों से धनराशि मंगवाता था। ठगी की रकम क्यूआर कोड, यूपीआई और इंटरनेट बैंकिंग के माध्यम से किराये के खातों में मंगाई जाती थी। इसके बाद रकम को कई खातों में ट्रांसफर कर सेटलमेंट कर दिया जाता था, जिससे धन का स्रोत छिपाया जा सके। व्हाट्सएप ग्रुप से चलता था पूरा नेटवर्क गिरोह अलग-अलग व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर समन्वय करता था। बैंक पासबुक, एटीएम कार्ड और सिम कार्ड को गुप्त रूप से मिठाई के डिब्बों में छिपाकर कोरियर से अन्य सहयोगियों तक भेजा जाता था। जांच में अब तक 17 बैंक खाते सामने आए हैं, जिनका उपयोग साइबर ठगी में किया जा रहा था। 58 करोड़ से जुड़ी शिकायतें, 5 करोड़ से अधिक का लेन-देन मिला पुलिस के मुताबिक बरामद खातों पर देशभर में कुल 14 ऑनलाइन शिकायतें दर्ज हैं, जिनमें लगभग 58 करोड़ रुपये की ठगी से जुड़ा विवरण मिला है। इनमें से आठ बैंक खातों का डाटा प्राप्त हुआ है, जिनमें कुल 5 करोड़ 6 लाख 7 हजार 956 रुपये से अधिक का लेन-देन पाया गया है। शेष खातों का विवरण जुटाया जा रहा है। ये हैं गिरफ्तार आरोपी पुलिस ने मो. अकरम खान निवासी पुरैनिया तालाब, बच्चा लाल उर्फ प्रशांत उर्फ गोलू निवासी गदुरहवा, आशिफ निवासी गदुरहवा, प्रतीक मिश्रा निवासी भगवतीगंज और सुजीत सिंह निवासी बेनीनगर को गिरफ्तार किया है। इनमें आशिफ के खिलाफ पूर्व में गोरखपुर जिले में गंभीर आपराधिक मुकदमा दर्ज है। कार्रवाई में साइबर थाना और सर्विलांस सेल की संयुक्त टीम शामिल रही। पुलिस गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है और नेटवर्क के वित्तीय लेन-देन की गहन जांच जारी है।

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