लखनऊ के सिविल कोर्ट परिसर और जज रूम-6 को बम से उड़ाने की धमकी के दूसरे दिन सुरक्षा एजेंसियां लगातार सतर्क हैं। इसी क्रम में बुधवार को बलिया जिला न्यायालय परिसर में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था लागू रही। न्यायालय परिसर में प्रवेश करने वाले प्रत्येक व्यक्ति की गहन जांच के बाद ही अंदर जाने की अनुमति दी गई। अदालतों में भी सुरक्षा कड़ी रही। इसको लेकर पूरे दिन परिसर में गहमा-गहमी बनी रही। जिला एवं सत्र न्यायालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर पुलिस बल और सुरक्षा कर्मियों ने अधिवक्ताओं, वादकारियों एवं अन्य आगंतुकों की सघन जांच की। शंका होने पर अधिवक्ताओं के पहचान पत्रों का सत्यापन किया गया, जबकि वादकारियों के बैग और झोलों की स्कैनर मशीन से जांच की गई। प्रतिबंधित सामग्री मिलने पर उसे बाहर ही जमा कराया गया। पूरे परिसर में संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी गई। कंट्रोल रूम से तीसरी आंख से जवान लगातार निगाह बनाए रखे। अधिवक्ताओं ने बताया कि न्यायालय सुरक्षा में लगे अधिकारियों के मोबाइल पर किसी कोर्ट को बम से उठाने की धमकी के बाद सुरक्षा कड़ी करने का निर्देश आया है। न्यायालय परिसर में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए पुलिस अधिकारी भी लगातार सक्रिय रहे। सुरक्षा एजेंसियों ने परिसर के विभिन्न हिस्सों की तलाशी ली, हालांकि जांच के दौरान कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली। इसके बाद अधिकारियों ने राहत की सांस ली। क्षेत्राधिकारी नगर सतीश शर्मा ने बताया कि उच्चाधिकारियों के निर्देश पर न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और सुदृढ़ की गई है। सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से प्रत्येक गतिविधि पर नजर रखी जा रही है तथा संदिग्ध व्यक्तियों की लगातार निगरानी की जा रही है, ताकि किसी भी संभावित खतरे से समय रहते निपटा जा सके।