रामनगरी में बुधवार को भक्ति और आध्यात्मिकता का अद्भुत संगम देखने को मिला। श्री देवराहा बाबा के परम शिष्य त्रिकालदर्शी संत श्री देवराहा शिवनाथदास जी महाराज श्रीरामजन्मभूमि परिसर पहुंचे। संत श्री ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच रामलला के दर्शन किए और भव्य आरती की। इसके बाद मंदिर प्रांगण में विशेष पूजा-अर्चना आयोजित हुई, जिसमें उन्होंने देश और समाज के कल्याण के लिए प्रार्थना की। पूजा के बाद संत श्री देवराहा शिवनाथ दास ने कहा कि प्रभु श्रीराम की नगरी अयोध्या का दिव्य और अलौकिक वातावरण हर भक्त के हृदय को आनंदित कर देता है। पहले यहां बाबरी मस्जिद हुआ करती थी, हम लोग आकर इसकी परिक्रमा करते थे कि यह हमारे आराध्य भगवान श्रीराम की जन्मभूमि है और अब यहां पर भव्य राम मंदिर बनकर तैयार हो चुका है। यहां आकर आत्मा को शांति और अध्यात्म का गहन अनुभव होता है। उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम के आदर्शों को अपनाकर ही समाज में प्रेम, सद्भाव और समृद्धि स्थापित हो सकती है।