समाजवादी पार्टी के जिला पंचायत सदस्य राजा मान सिंह पर पुलिस का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। राजा मान सिंह पर निवेश के नाम पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी का गंभीर आरोप है। इस मामले में उसके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट समेत कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। फिलहाल राजा मान सिंह अपनी पत्नी के साथ जेल में बंद है।इधर, मामले में एक नया मोड़ तब सामने आया, जब राजा मान सिंह का करीबी सहयोगी उपदेश यादव फर्जी जमानत पत्र के सहारे जेल से बाहर आ गया। जांच में खुलासा हुआ कि उपदेश यादव की जमानत के लिए फर्जी दस्तावेज और फर्जी मोहर का इस्तेमाल किया गया। इस गंभीर लापरवाही और आपराधिक साजिश के सामने आने के बाद एसएसपी ने पूरे मामले की जांच सीओ अयोध्या को सौंपी। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि जमानत के दौरान न तो संबंधित ग्राम प्रधान से सत्यापन कराया गया और न ही तहसील स्तर पर किसी प्रकार की पुष्टि की गई। बिना किसी वैधानिक प्रक्रिया के फर्जी जमानतदार खड़े कर दिए गए, जिसके आधार पर कोर्ट से उपदेश यादव को जमानत मिल गई। मामला उजागर होते ही अयोध्या पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए बस्ती जिले के रहने वाले पांच फर्जी जमानतदारों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार सभी आरोपियों के खिलाफ पहले से ही कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब पूरे नेटवर्क की गहन जांच में जुटी है।