गजरौला। भोले की भक्ति बड़ी निराली है। तन कंधे पर गंगा जल के बोझ के कारण लचक रहा है। मगर शिव की शक्ति से कांवड़िए पैदल ही मंजिल तय कर रहे हैं। शनिवार को रामपुर जिले के कांवड़ियों का बेड़ा ब्रजघाट से कांंवड़ में गंगा जल लेकर रवाना हुआ। बेड़े में शामिल पांच कांवड़िए तीन कांवड़ लेकर चल रहे थे। कलशों में गंगा जल था। एक कांवड़िया कलशों में 21 लीटर गंगा जल लेकर चल रहा था, जबकि दूसरे पर 51 लीटर जल था। सबको हैरान करने वाले तीसरे कांवड़िए पर 81 लीटर जल था। कांवड़ियों ने बताया कि वह सामान्य दिनों में एक किमी भी पैदल नहीं चलते। वजन लेकर तो कतई नहीं, लेकिन भगवान भोलेनाथ की शक्ति उनको मंजिल तय करने में प्रेरित कर रही है। कांवड़ियों ने बताया कि वह 11 अगस्त को अपनेे निकट के मंदिर में जलाभिषेक करेंगे। वह हर-हर बम के उदघोष संग गंतव्य को रवाना हो गए।