परिषदीय विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को स्कूल हर दिन आएं का प्रशिक्षण देते हुए बताया गया कि जो बच्चे 45 दिन से स्कूल नहीं आ रहे, उनका दोबारा दाखिला कराएं। ईंट भट्ठों पर काम करने वाले मजदूरों के परिवारों के बच्चों खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय सभागार में शारदा का सोमवार से तीन दिवसीय प्रशिक्षण शुरू हो गया। प्रशिक्षण परिषदीय विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को दिया जा रहा है। जिसके दूसरे दिन मंगलवार को प्रशिक्षकों नफीस अहमद, दीपक कुमार, आदेश कुमार और सुभाष चंद ने प्रशिक्षण दिया। बताया कि अपने-अपने क्षेत्र में यह देखें कि कितने बच्चे 45 दिन तक लगातार स्कूल नहीं आए। वह किस कारण से नहीं आ रहेे हैं। उनका अपने स्कूल में दोबारा दाखिला कराएं। जिससेे वह पढ़ाई-लिखाई से वंचित न रह सकें। इसके अलावा अपने आस पास ईंट भट्ठों पर काम करने वाले मजदूरों के परिवारों के बच्चों को भी तलाश करें। उनका दाखिला कराएं। किसी भी मजदूर का बच्चा पढ़ाई से नहीं छूटना चाहिए। खंड शिक्षा अधिकारी आरती गुप्ता ने बताया कि 45 दिन तक लगातार स्कूल न आने वाले बच्चों को ड्रॉप आउट की श्रेणी में रखा जाता है। प्रशिक्षण में सभी प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिए गए कि वह ड्रॉप आउट बच्चों का दाखिला कराएं।