रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल के कारण स्वास्थ्य सुविधाएं चरमरा सी गई है। एक हफ्ते की हड़ताल में आठ हजार से अधिक मरीज प्रभावित हुए हैं। जिसमें पांच हजार मरीज, तो सिर्फ एसआरएन अस्पताल की ओपीडी के हैं। इसके अलावा शनिवार को इलाहाबाद मेडिकल एसोसिएशन के हड़ताल में शामिल होने से 24 घंटे में तीन हजार से अधिक मरीजों को इलाज के लिए दर-दर भटकना पड़ गया। वहीं रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल फिलहाल समाप्त होती नजर नहीं आ रही है।