अलीगढ़ के टप्पल थाना अंतर्गत गांव सारौल के समीप यमुना एक्सप्रेसवे पर पुल के नीचे मानवता को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। बिहार के रहने वाले दीपक पिछले 10 वर्षों से गौतमबुद्धनगर के जेवर क्षेत्र स्थित छतांग गांव में एक व्यक्ति के पास मजदूरी कर रहा था। वह वहां भैंस के लिए चारा काटने और दूध निकालने का काम करता था। जब बुजुर्ग दीपक के पैर में गंभीर चोट आई और वह काम करने के लायक नहीं रहा, तो मालिक ने वफादारी का कर्ज चुकाने के बजाय उसे आधी रात को कचरे के ढेर पर फेंक दिया।