कागारौल के ग्राम विश्रामपुर में एक भूखंड पर ग्राम सचिवालय के साथ-साथ एक पुरानी धर्मशाला, कुआं, हनुमान मंदिर और बनखंडी महादेव का प्राचीन मंदिर सहित अन्य देव स्थल भी स्थापित हैं। ग्रामीणों ने बताया कि इन देव स्थलों को 1926 में तेहरिया परिवार के बाबा स्व. लक्ष्मी नारायण ने स्थापित किया था। आरोप है कि सचिव ने कुछ देव स्थलों को मजदूरों की सहायता से तुड़वा दिया। शिकायत पर जिलाधिकारी के आदेश पर उक्त प्रकरण की जांच के लिए मंगलवार को खेरागढ़ विकासखंड अधिकारी सुष्मिता यादव अपनी टीम के साथ गांव विश्रामपुर पहुंची। ग्रामीणों सहित दोनों पक्ष के बयान दर्ज कर देव स्थलों का निरीक्षण किया।