आगरा। एसएन मेडिकल कॉलेज के एनेस्थीसिया और क्रिटिकल केयर विभाग की ओर से ट्रांससोफेजियल इकोकार्डियोग्राफी पर कार्यशाला हुई। इस तकनीक से आईसीयू के मरीज की 10 मिनट में हृदय की जांच हो सकेगी। इससे गंभीर मरीजों की जान बचाने की दर बढ़ जाएगी। मुख्य वक्ता डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के पूर्व निदेशक डॉ. दीपक मालवीय ने बताया कि सेप्सिस, हार्टअटैक व हृदय में चोट लग गई है। ऐसी स्थिति में ट्रांससोफेजियल इकोकार्डियोग्राफी में गले के रास्ते खाने की नली में प्रोब डालकर हृदय की वॉल्व, थक्के या संक्रमण का बेहतर पता चलता है। विभागाध्यक्ष डॉ. योगिता द्विवेदी और डॉ. अतिहर्ष मोहन अग्रवाल ने बताया कि इस तकनीक से कुछ मिनट में जांच हो सकती है। इसमें रेडियोलॉजिस्ट और कार्डियोलॉजिस्ट की भी जरूरत नहीं पड़ती। आईसीयू के मरीजों की तत्काल जांच के बाद इलाज शुरू हो सकेगा। प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि यह मशीन जल्द खरीदी जाएगी और एसएन में भी इसकी सुविधा मिलने लगेगी। डॉ. अर्चना अग्रवाल, डॉ. अपूर्व मित्तल और डॉ. राजीव पुरी ने बताया कि कार्यशाला में 75 युवा चिकित्सकों को प्रशिक्षण भी दिया गया है। कार्यशाला में डॉ. हरी सिंह, डॉ. टीपी सिंह, डॉ. बृजेश शर्मा, डॉ. अमृता गुप्ता, डॉ. वंदना कालरा, डॉ. लवप्रिया शर्मा, डॉ. विवेक बेडाडे, डॉ. प्रभा खत्री, डॉ. दीपक आदि मौजूद रहे।