आगरा के अरतौनी स्थित एक निजी कंपनी में कार्यरत ट्रक चालक की कर्नाटक में मौत हो गई। रविवार रात दो बजे कंपनी के कर्मचारी शव को एंबुलेंस से घर लेकर आ गए। इस पर परिजन शव को कंपनी के आफिस ले आए। प्रबंधन पर बिना पोस्टमार्टम कराए शव को घर भिजवाने का आरोप लगाया। आफिस पर हंगामा करना शुरू कर दिया। सोमवार दोपहर को प्रबंधन ने परिजन से बात की। बाद में मुआवजे का आश्वासन दिया। तब शव लेकर परिजन गए। भरतपुर के डीग निवासी बच्चू सिंह (50) पीएनसी कंपनी में कर्नाटक साइड पर ट्रक चालक के रूप में काम कर रहे थे। मृतक के बेटे संजय ने बताया कि शनिवार रात करीब 8:30 बजे पिता से आखिरी बार बात हुई थी। इसके बाद उसी रात एक अनजान व्यक्ति का फोन आया, जिसमें यह बताया गया कि उनके पिता की मौत हो गई है। कहा गया कि दिल का दौरा पड़ा है। इस कारण पोस्टमार्टम नहीं करा रहे हैं। इसके बाद कर्नाटक से एंबुलेंस से शव घर भेज दिया गया। शव आने पर परिजन एंबुलेंस समेत फैक्टरी गेट पर पहुंचे और पोस्टमार्टम नहीं कराने का विरोध जताने लगे। सूचना पर सिकंदरा थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और परिजन को समझाने का प्रयास किया। मृतक के चचेरे भाई ज्ञानेश्वर ने बताया पुलिस की मौजूदगी में परिजन और फैक्टरी प्रबंधन के बीच कंपनी में वार्ता हुई। कंपनी की ओर से परिजन को 3.5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का आश्वासन दिया गया। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। मृतक के दो बेटे और दो बेटियां हैं। थाना प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। परिजन ने किसी तरह की शिकायत नहीं की है।