रेहड़ी फड़ी तहबाजारी यूनियन सम्बन्धित सीटू का आठवां शिमला जिला सम्मेलन कालीबाड़ी हॉल शिमला में सम्पन्न हुआ। सम्मेलन के साथ ही यूनियन अध्यक्ष सुरेंद्र बिट्टू के असामयिक निधन पर उन्हें श्रद्धांजलि भी दी गई। सम्मेलन में आगामी तीन वर्षों के लिए कमेटी का गठन किया गया। दर्शन लाल को अध्यक्ष, राकेश कुमार को महासचिव, नरेश कुमार को कोषाध्यक्ष, पवन, शब्बू आलम, श्याम लाल, मैहक सिंह, को उपाध्यक्ष, मनोज, त्वरासु, संजय, पप्पू, अनिल, गौरी शंकर को सचिव व विमल, रणजीत, प्रकाश, प्रमोद, प्रेम, मुकेश, राम विष्णु, सुखविंद्र सिंह, सुरेंद्र कौर, संजू, दीपक, दिनेश, हृदेश कुमार सेठी, राजकुमार, प्रदीप, अमित को कमेटी सदस्य चुना गया। यूनियन ने मांगों को लेकर 9 जुलाई को हड़ताल का निर्णय लिया है। सम्मेलन को सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा, उपाध्यक्ष जगत राम, रमाकांत मिश्रा, बालक राम, विवेक कश्यप, यूनियन प्रदेश महासचिव सुरेंद्र कुमार, यूनियन अध्यक्ष दर्शन लाल, महासचिव राकेश कुमार, शब्बू आलम, इंद्र सिंह आदि ने संबोधित किया। सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए विजेंद्र मेहरा ने कहा कि स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट 2014 व वर्ष 2007 में माननीय सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर बनी स्ट्रीट वेंडर्स पालिसी को लागू करवाने के लिए यूनियन 9 जुलाई को प्रदेशव्यापी हड़ताल करेगी। जरूरत पड़ी तो तहबाजारियों को उजाड़ने के विरुद्ध तहबाजारी विधानसभा व प्रदेश सरकार सचिवालय का घेराव करने से नहीं चूकेंगे। उन्होंने मांग की है कि तहबाजारियों की समस्याओं के हल के लिए सभी नगर निकायों में टाउन वेंडिंग कमेटी का गठन किया जाए तथा उनकी नियमित बैठकें की जाएं। उन्होंने कहा कि शिमला शहर में पिछले छः महीने से टीवीसी की बैठक आयोजित नहीं की गई है। स्ट्रीट वेंडर्स सर्टिफिकेट धारक तहबाजारियों को शिमला शहर के कुछ इलाकों से उजाड़ा जा रहा है परंतु उन्हें दूसरी जगह बैठने नहीं दिया जा रहा है। यह स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट 2014 का खुला उल्लंघन है। उन्होंने मांग की है कि स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट 2014 को सख्ती से लागू किया जाए। तयबजारियों को कानून के विरुद्ध उजाड़ने की मुहिम को तुरन्त बन्द किया जाए। पुराने तहबाजारियों की दोबारा सर्वे करने की प्रक्रिया को तुरंत रोका जाए व नए तयबजारियों के नए सर्वे का कार्य तुरन्त शरू किया जाए तथा नए तयबजारियों को पंजीकृत किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के नगर निकाय प्रशासन पिछले काफी समय से स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट 2014 का खुला उल्लंघन कर रहे हैं। रेहड़ी फड़ी तयबजारी का कार्य करने वाले सैकड़ों लोगों को आज भी स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट के नियमानुसार सर्टिफिकेट जारी नहीं हुए हैं। नगर निकायों द्वारा नियमित तौर पर स्ट्रीट वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी न करने के कारण उनके रोजगार पर आए दिन प्रहार हो रहा है। टाउन वेंडिंग कमेटी की बैठक समयानुसार नहीं हो रही है। टीवीसी बैठकों के अभाव में कानून लागू होने के दस वर्ष बाद भी कई रेहड़ी फड़ी तयबजारियों को सर्टिफिकेट जारी नहीं हो पाए हैं जोकि कानूनी तौर पर उनका हक है। उन्होंने स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट के अनुसार गैर पंजीकृत तयबजारियों को तुरन्त सर्टिफिकेट जारी करने की मांग सरकार व प्रशासन से की है। उन्होंने तयबजारियों को उजाड़ने की प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की है क्योंकि स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट 2014 इसकी इजाज़त नहीं देता है। उन्होंने शिमला के लोअर बाजार, संजौली, खलीनी, ग्रीन वैली छराबड़ा, ठियोग व अन्य जगहों से तहबाजारियों को उजाड़ने की कड़ी निंदा की है व इसे कानून विरोधी कदम करार दिया। उन्होंने प्रदेश सरकार, नगर निगम शिमला व विभिन्न नगर निकायों को चेताया है कि अगर तहबाजारियों की बेदखली तुरंत बंद न की गई तो आंदोलन तेज होगा।