एक ओर जहां घर-घर में माता की ज्योत देखकर महिलाएं उपवास पर हैं। वहीं, दूसरी ओर एक-एक बूंद पानी को तरस रही महिलाएं जिला प्रशासन और जलदाय विभाग के धक्के खाने को मजबूर हैं। ऐसा ही एक नजारा अलवर शहर के अखेपूरा श्याम मंदिर के समीप की महिलाओं के द्वारा मिनी सचिवालय पर जलदाय विभाग के खिलाफ नारेबाजी करती हुई नजर आई।
इन महिलाओं का कहना है कि छह बार जलदाय विभाग के चक्कर लगाने के बावजूद पेयजल व्यवस्था दुरुस्त नहीं हो पाई। अधिकारी बार-बार कोरा आश्वासन देते हैं। लेकिन समस्या का समाधान नहीं करते। ऐसे में मजबूरन जिला कलेक्टर को समस्या से अवगत कराने पहुंचे हैं। इस दौरान महिलाओं की सुनवाई नहीं होने पर महिलाएं मिनी सचिवालय गेट पर ही लेट गई और उग्र आंदोलन के लिए मजबूर हो गई। ये महिलाएं लगातार छह दिन से पानी के लिए इधर से उधर घूम रही हैं। लेकिन इनकी कोई सुनने वाला नहीं है।
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जलदाय विभाग ने इन महिलाओं को बोरिंग का आश्वासन भी दिया था। लेकिन अभी तक इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं हुई। थक हारकर ये महिलाएं मिनी सचिवालय पर पहुंच गईं और वहां लेट गईं। इन महिलाओं ने बताया कि वे पानी के लिए परेशान हैं और इस मांग को लेकर लगातार छह दिन से चक्कर लगा रही हैं। लेकिन कोई भी उनकी सुनवाई नहीं कर रहा।
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जलदाय विभाग की ओर से इन महिलाओं को कोरे आश्वासन ही दिए जा रहे थे। लेकिन कब और कैसे मिलेगा, इसकी कोई जानकारी इन महिलाओं को नहीं दी जा रही। ये महिलाएं जलदाय विभाग के अभियंता से मिल चुकी हैं। लेकिन कोई भी ठोस वायदा इनसे नहीं किया जा रहा।