कोटा शहर में लगातार दूसरे दिन भी बारिश का दौर जारी रहा। शहर के अधिकांश इलाकों में जोरदार बारिश के बाद जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। बंध धर्मपुरा, रानपुर समेत कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। रानपुर की कई फैक्ट्रियों में बारिश का पानी घुसने के बाद रेस्क्यू टीम की मदद से लोगों को बाहर निकाला गया। वहीं, मौसम विभाग ने अगले दो दिनों तक कोटा संभाग में बारिश का अलर्ट जारी किया है। कोटा में इस सीजन में अब तक 560 मिमी बारिश हो चुकी है।
ये भी पढ़ें: रावतभाटा में झमाझम बारिश, घरों में घुसा पानी, नाले में बहे किशोर का डेढ़ किमी दूर मिला शव
बंध धर्मपुरा में एक महिला स्कूटी सहित पानी में बह गई, जिसका रेस्क्यू कर अस्पताल पहुंचाया गया। बारिश की अधिक आवक के चलते रानपुर स्थित लखावा रेत्याचोकी का पूरा इलाका जलमग्न हो गया। मकानों में पानी घुसने से कई घर आधे-आधे पानी में डूब गए। सड़क पर खड़ी गाड़ियां और ट्रक भी पानी में डूब गए। शहर के प्रेमनगर इलाके में भी गलियां बारिश के पानी से जलमग्न हो गईं। अयाना में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में करीब 3 से 4 फीट तक पानी भर जाने से बच्चों की छुट्टी करनी पड़ी।
ये भी पढ़ें: सावन के पहले सोमवार पर अर्धचन्द्रेश्वर महादेव मंदिर में सहस्त्रधारा का आयोजन, उमड़े भक्त
दूसरी ओर, पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण कोटा जिले के बांध लबालब हो चुके हैं। ऐसे में कोटा बैराज में भी पानी की आवक बढ़ने पर बैराज के गेट खोलकर पानी की निकासी शुरू कर दी गई है। वर्तमान में कोटा बैराज के 9 गेट खोलकर 1 लाख 29 हजार क्यूसेक पानी की निकासी की जा रही है। इसके चलते निचले इलाकों को अलर्ट कर दिया गया है। बैराज के दोनों ओर के रास्तों को आमजन के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया है और एहतियात के तौर पर बैरिकेड्स भी लगाए गए हैं। अधिशासी अभियंता अरुण कुमार मीणा ने बताया कि जवाहर सागर बांध से लगातार पानी की निकासी की जा रही है, जिसके कारण कोटा बैराज का जल स्तर भी बढ़ा है।