जोधपुर रेंज पुलिस ने ऑपरेशन मनुहार के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए 5 क्विंटल से ज्यादा गांजा जब्त किया है। इसकी बाजार कीमत करीब 80 लाख रुपये आंकी गई है। कार्रवाई में जोधपुर आईजी रेंज की साइक्लोन टीम और एनसीबी की संयुक्त भागीदारी रही। पुलिस ने गांजे की इस बड़ी खेप के साथ दो आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी भोपालगढ़ निवासी नरेश पुत्र जयकिशन और चेनाराम पुत्र प्रेमाराम हैं, जिन्होंने ट्रॉले में उड़ीसा के मलखानगिरि जिले के जेपोर इलाके से यह गांजा लादकर राजस्थान लाने की कोशिश की। ट्रॉले में एक गुप्त चैंबर बनाया गया था, जिसमें 10 किलो के 42 पैकेट और 4 किलो के 20 पैकेट रखे गए थे।
साइक्लोन टीम ने तकनीकी और मानवीय सूचना के आधार पर ट्रक की ट्रैकिंग की। ट्रक जब राजस्थान में प्रवेश कर गया, तो पुलिस ने लगातार उसका पीछा किया। आसोप थाना क्षेत्र में एक ढाबे पर चाय पीने के दौरान साइक्लोन टीम की उपस्थिति का पता चलते ही ट्रक चालकों और उनके सहयोगियों ने अपने फोन बंद कर दिए।
जिस पर पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए भोपालगढ़ के आसोप क्षेत्र में ट्रक को रोका और छानबीन के दौरान गांजे की खेप बरामद कर ली। दोनों आरोपियों को मौके पर गिरफ्तार कर लिया गया है। जोधपुर आईजी रेंज विकास कुमार ने बताया कि इस सप्लाई का मास्टरमाइंड जेल में बैठकर पूरे नेटवर्क का संचालन कर रहा था। इस खेप को नववर्ष के जश्न के लिए पंजाब और हरियाणा में सप्लाई किया जाना था।
साइक्लोन टीम ने अब तक 65 ऑपरेशनों में कई वांछित अपराधियों को गिरफ्तार किया है। इस टीम का गठन आईजी विकास कुमार ने विशेष निगरानी और अपराध पर नियंत्रण के लिए किया है। जोधपुर रेंज में यह कार्रवाई नशे के व्यापार पर एक बड़ी चोट मानी जा रही है।
आईजी विकास कुमार ने इस कार्रवाई को लेकर कहा कि इस ऑपरेशन से नशे के तस्करों के बड़े निवेश को धक्का लगा है। उड़ीसा और तेलंगाना जैसे राज्यों से हो रही नशे की आपूर्ति पुलिस के लिए चुनौती बनी हुई है, लेकिन इस कार्रवाई के बाद अपराधियों की हिम्मत जरूर टूटेगी।