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Jalore News: पूर्व प्रधान पर जलदाय विभाग की भूमि पर कब्जे का आरोप, प्रशासनिक कार्रवाई की मांग तेज

Sun, 18 May 2025 08:04 AM IST
जालौर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालौर

जिले में राजनीति के बदलते स्वरूप के बीच एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें आरोप है कि पूर्व पंचायत समिति प्रधान ने जलदाय विभाग की अधिकृत भूमि पर अवैध कब्जा कर लिया है। इस मामले ने प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी है और त्वरित कार्रवाई की मांग जोर पकड़ रही है।

सूत्रों के अनुसार पूर्व प्रधान ने अपने कार्यकाल के दौरान जलदाय विभाग की चारदीवारी के भीतर स्थित जमीन पर मिट्टी डालनी शुरू कर दी। जब विभाग को इसकी जानकारी मिली तो अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जांच की। पूर्व प्रधान ने दावा किया कि वह जमीन उनकी निजी संपत्ति है। हालांकि जलदाय विभाग द्वारा राजस्व विभाग से अभिलेख मंगवाकर यह स्पष्ट किया गया कि उक्त भूमि सरकारी स्वामित्व की है।

प्रशासन ने तत्काल पुलिस को मौके पर बुलाकर कब्जा हटाने का प्रयास किया लेकिन मामला यहीं नहीं रुका। हाल ही में इस संबंध में थाने में दोबारा सूचना दी गई है कि पूर्व प्रधान की यह कार्रवाई न केवल अवैध है, बल्कि प्रशासनिक आदेशों की अवहेलना भी है।

उल्लेखनीय है कि यह विभागीय परिसर राष्ट्रीय राजमार्ग के पास स्थित है और इसमें पेयजल आपूर्ति से संबंधित महत्वपूर्ण संरचनाएं जैसे पम्प हाउस, स्वच्छ जलाशय, नलकूप, एक आरओ प्लांट, दो आवासीय क्वार्टर तथा चारदीवारी शामिल हैं। यह परिसर वर्ष 1989 से जलदाय विभाग की स्वामित्वाधीन भूमि पर स्थापित है और ग्राम वेडिया की पेयजल आपूर्ति इसी स्थान से नियंत्रित होती है।

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जानकारी के अनुसार पूर्व प्रधान द्वारा इस परिसर को निजी संपत्ति घोषित कर कब्जा करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जिससे विभागीय कार्य में बाधा उत्पन्न हो रही है। यदि यह स्थिति बनी रही तो ग्रामवासियों को गंभीर पेयजल संकट का सामना करना पड़ सकता है।

घटनाक्रम को लेकर ग्रामीणों में गहरा रोष है। ग्रामवासियों का कहना है कि सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर इस प्रकार की अवैध गतिविधियां अस्वीकार्य हैं और प्रशासन को तत्काल हस्तक्षेप कर कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि जलापूर्ति व्यवस्था प्रभावित न हो।

जलदाय विभाग ने इस मामले में स्पष्ट मांग की है कि अवैध कब्जा तुरंत हटाया जाए और भूमि को पुनः विभाग को सौंपा जाए। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस गंभीर प्रकरण में कितनी सख्ती और तत्परता से कार्रवाई करता है।

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