कर्ज के बोझ तले दबे एक युवक ने खुद के ऊपर फायरिंग किए जाने का षड्यंत्र रचकर पुलिस में मामला दर्ज कराया था लेकिन पुलिस द्वारा की गई गहन पूछताछ और छानबीन में मामला बाहर आ गया। पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। दौसा जिला पुलिस अधीक्षक रंजीता शर्मा से मिली जानकारी के अनुसार थानाधिकारी, महवा के नेतृत्व में जाप्ता सहित टीम बनाकर बदमाश उस्मान को गिरफ्तार किया गया है।
बीती 5 सितंबर को थाने पर सूचना मिली थी कि रौत-हडिया में कबाडे़ की दुकान पर फायरिंग हो गई है, जिसके चलते थानाधिकारी महवा जितेन्द्र सिंह ने कार्रवाई करते हुऐ छोटेलाल ASI को जाप्ता सहित रवाना किया गया। जब एएसआई की टीम वहां पहुंची तो एक आदमी हीरो स्प्लेंडर मोटर साइकिल आरजे 29 एसडब्लू 6484 के पास खड़ा दिखा, जिसने पुलिस को बताया कि वह खेडला गदाली गांव से मजदूरी के पैसे लेकर टीकरी मोड होकर खुद के घर जा रहा था, इसी दौरान रौत-हडिया मोड के पास उसके ऊपर किसी अज्ञात व्यक्ति ने फायरिंग कर दी, जिसकी गोली मोटर साइकिल के टूल बॉक्स में लगी। पुलिस ने जब घटनास्थल और उस आदमी के पास खड़ी मोटरसाइकिल की जांच की तो गाड़ी के टूल-बॉक्स में जिन्दा कारतूस फंसा दिखाई दिया।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने फायरिंग के संबंध में जो बातें बताईं, उसने संदेह की स्थिति पैदा हो गई। इसके बाद पुलिस ने उस्मान से गहनता से पूछताछ की, साथ ही उसकी मोटर साइकिल का बारिकी से निरीक्षण किया गया तो टूल बॉक्स में फंसा जिन्दा कारतूस किसी हथियार से फायर होना नहीं पाया गया। इसके बाद कड़ी पूछताछ में आरोपी ने अपने ऊपर फायरिंग किए जाने की झूठी कहानी बनाने की बात कही। पुलिस ने उसके कब्जे से 315 बोर देशा कट्टा और जिंदा कारतूस के साथ एक मोटर साइकिल जब्त की है। आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई जारी है।