मोहाली की अदालत द्वारा रेप केस में दोषी करार दिए जा चुके प्रोफेट बजिंदर सिंह का जन्म हरियाणा के यमुनानगर में एक जाट परिवार में हुआ था। 2000 के दशक की शुरुआत में उसे हत्या के आरोप में जेल भेजा गया था। उसके ताल्लुकात कई राजनीतिक लोगों व अधिकारियों के साथ बने और उसकी सभा में आने वालों की संख्या बढ़ती ही चली गई। जेल में ही बजिंदर ने ईसाई धर्म अपनाया था। रिहा होने के बाद बजिंदर सिंह ने साल 2012 में प्रार्थना सभाएं करना शुरू कर दिया था।