नगर निगम चुनाव से ठीक पहले आम आदमी पार्टी (आप) के कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा देखने को मिल रही है। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के आबकारी मामले में बरी होने के बाद कार्यकर्ताओं की मायूसी उत्साह में बदल गई है। मेयर चुनाव से पहले आप के दो पार्षद भाजपा में और चुनाव के बाद एक पार्षद कांग्रेस में शामिल हो गए थे जिससे संगठन में निराशा का माहौल था। अब पार्टी इसे संगठनात्मक मजबूती में बदलने की तैयारी में जुट गई है। नेताओं का कहना है कि नगर निगम चुनाव में इस बार कार्यकर्ता कई गुना उत्साह के साथ उतरेंगे। चंडीगढ़ के आम आदमी पार्टी के महासचिव ओमकार सिंह औलख ने कहा कि खुशी के मारे रात भर नींद नहीं आई। फैसले ने कार्यकर्ताओं में नया उत्साह भर दिया है। हमारे नेताओं को न्यायालय से न्याय मिला है। केंद्रीय एजेंसियों की कार्रवाई से लोगों का भरोसा उठ रहा था, लेकिन अब सच की जीत हुई है। मेयर चुनाव में भी हमें सर्वोच्च न्यायालय से इंसाफ मिला था।