फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MP News: टीकमगढ़ का गुड मॉर्निंग ग्रुप, 70 साल के लोगों को देता है जिंदगी जीने की राह

Wed, 04 Sep 2024 01:34 PM IST
टीकमगढ़ ब्यूरो न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, टीकमगढ़

टीकमगढ़ शहर के पुलिस लाइन में संचालित गुड मॉर्निंग ग्रुप अब टीकमगढ़ ही नहीं, बल्कि बुंदेलखंड के उन लोगों के लिए प्रेरणा बन रहा है, जो बुढ़ापे में जिंदगी जीने से हार मान जाते हैं। उम्र 70 की जज्बा 25 साल का लोगों के लिए प्रेरणा बना टीकमगढ़ शहर में बुजुर्गों का गुड मॉर्निंग ग्रुप पहले रनिंग फिर जिम इसके बाद योगा और अंतिम फिल्मी गानों पर डांस देखकर के लोग दांतों तले उंगली दबा लेते हैं।

टीकमगढ़ शहर के पुलिस लाइन में सूर्य की पहली किरण निकलने से पहले इस ग्रुप के 50 सदस्य पहुंच जाते हैं। पुलिस लाइन आप सुनकर के चौक सकते हैं कि जिनकी उम्र 60 से लेकर 80 तक है, लेकिन सभी ग्रुप के सदस्यों पर समय की पाबंदी रहती है। ग्रुप के सदस्य शीलू द्विवेदी बताते हैं कि यह ग्रुप पिछले 10 साल से लगातार चल रहा है और इस ग्रुप के संरक्षक पुलिस सब इंस्पेक्टर से रिटायर्ड सुरेश दोदेरिया हैं, जो सबसे पहले ग्रुप के सदस्यों को रनिंग कराते हैं। रनिंग करने के बाद ग्रुप के सभी सदस्य पुलिस लाइन में स्थित पुलिस विभाग की जिम में जाते हैं। जहां पर हल्की एक्सरसाइज करते हैं।

उन्होंने बताया कि इसके बाद सभी लोगों को योग कराया जाता है और अंतिम स्टेप के रूप में आता है फिल्मी गानों पर डांस, जहां पर मोबाइल पर गाने बजा करके सब लोग एक साथ डांस करते हैं। उनका कहना है कि इस ग्रुप के कोई भी सदस्य न तो बीमार होता है और न ही डिप्रेशन का इस उम्र में कोई शिकार हुआ है। उन्होंने बताया कि इस ग्रुप में 50 लोग हैं, जो लगातार प्रतिदिन तीन घंटे में चार तरह का कार्यक्रम करते हैं।

ग्रुप के संरक्षक सब इंस्पेक्टर से रिटॉयर्ड सुरेश दोदेरिया ने बताया कि रिटायरमेंट के बाद में पुलिस लाइन में आकर के योगा करना शुरू किया था और जिम करता था। इसके बाद लोग उनसे जुड़ते गए, यह ग्रुप धीरे-धीरे बढ़ता गया और लोग जुड़ते गए। बाद में इस ग्रुप का नाम दिया गया गुड मॉर्निंग ग्रुप, जिसमें आज 50 की संख्या हो गई है। उन्होंने बताया कि मेरी उम्र 70 से ऊपर है और मैं अभी भी 28 जैसे नौजवान की उम्र का काम करता हूं। उन्होंने कहा कि इसके पीछे सबसे बड़ा रीजन है कि सबसे पहले हम लोग पुलिस ग्राउंड में रनिंग करते हैं। इसके बाद जिम का उपयोग करते हैं, जो पुलिस विभाग द्वारा पुलिस लाइन में बनाया गया है। इसके साथ ही योग और योग के बाद अंतिम हम लोगों का स्टेप होता है डांस, जिसमें हम लोग भरपूर मस्ती करते हैं।

उन्होंने कहा कि कोविड काल के दौरान मेरे किसी भी ग्रुप को न तो कोविड हुआ और न ही कोई उससे डरा, न डिप्रेशन में गया। हम लोगों ने कोविड काल में भी अपने ग्रुप के क्रियाकलापों को जारी रखा और लगातार योग और डांस किया। उनका कहना है कि इसके करने से जहां मन प्रसन्न होता है, वहीं तन प्रसन्न रहता है, जिस कारण से बीमारी दूर-दूर तक दिखाई नहीं देती है। उनका कहना है कि अगर ढलती उम्र में व्यक्ति को फिट रहना है तो उसे योग, शारीरिक व्यायाम और मन को हल्का करने के लिए फिल्मी गानों पर नाचना जरूरी है, जिससे कि उनके अंदर ऊर्जा बनी रहे। उन्होंने लोगों से अपील की है कि जो लोग अपनी जिंदगी से 50 साल की उम्र में घुटने टेकना शुरू कर देते हैं, वे लोग इस ग्रुप को ज्वाइन कर सकते हैं और जिंदगी को एक बेहतर तरीके से जी सकते हैं।

ग्रुप के जज्बे को लोग करते हैं सम्मानित
टीकमगढ़ सांसद और केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र खटीक के सांसद प्रतिनिधि अनुराग वर्मा ने इस ग्रुप की जज्बे को सलाम किया और पुलिस लाइन पहुंचकर के सभी का शॉल श्रीफल से सम्मान भी किया। उन्होंने कहा कि इन लोगों से प्रेरणा मिलती है कि जिंदगी को कैसे जीना चाहिए, जिनकी चेहरे की चमक बताती है कि अभी वह 70 के नहीं, बल्कि 40 के हैं। उन्होंने कहा कि व्यायाम और योग सदियों पुराना है, जो हमें स्वस्थ जीवन जीने का संदेश देता है।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें