सिंगरौली जिले में आगजनी की एक बड़ी घटना सामने आई है। इस घटना में एक आदिवासी गरीब की झोपड़ी पूरी तरह से जलकर खाक हो गई है। जिस वक्त ये हादसा हुआ, उस वक्त झोपड़ी में 10 महीने की डौली गोंड और 3 साल के बाबूलाल सो रहे थे। आग में जलकर दोनों मासूम बच्चों की मौत हो गई।
घटना जिले के मोरवा थाना क्षेत्र के ग्राम बड़गड़ गांव की है, यहां सोमवार की दोपहर लगभग 1:00 बजे पति-पत्नी अपने दोनों बच्चों के साथ खेत पर काम करने गए थे। इस बीच पति-पत्नी जब खेत में काम कर रहे थे, तभी दोनों बच्चे खेलते-खेलते थककर झोपड़ी में जाकर सो गए। तभी अचानक झोपड़ी में आग लग गई और दोनों मासूमों की जलकर दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना के बाद मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी दुःख जताया है।
मुख्यमंत्री ने दिया परिजनों को आर्थिक सहायता देने का निर्देश
इस हादसे के बाद मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव ने सोशल मीडिया के X प्लेटफार्म पर लिखा है कि सिंगरौली की तहसील दुधमनिया के ग्राम बड़गड़ में झोपड़ी में आग लगने से सिपाही लाल सिंह के 3 वर्ष और 10 माह के मासूम पुत्र-पुत्री के असमय काल कवलित होने का समाचार अत्यंत दुखद है। शोक की इस घड़ी में हम सभी शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। जनहानि के लिए पीड़ित परिवार को मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान मद से 4-4 लाख की सहायता राशि एवं नियमानुसार अन्य कोई आर्थिक मदद प्रदान करने के निर्देश दिए हैं। बाबा महाकाल से प्रार्थना है कि दिवंगतों की पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान और शोकाकुल परिजनों को यह गहन दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
आज जिला सिंगरौली की तहसील दुधमनिया के ग्राम बड़गड़ में झोपड़ी में आग लगने से सिपाही लाल सिंह के 3 वर्ष और 10 माह के मासूम पुत्र-पुत्री के असमय काल कवलित होने का समाचार अत्यंत दुखद है।
शोक की इस घड़ी में हम सभी शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। जनहानि के लिए पीड़ित परिवार को…
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) December 9, 2024
कैसे हुआ यह हादसा
दरअसल जिले के बड़गड निवासी सिपाही लाल और उनकी पत्नी खेत मे काम करने के लिए गए हुए थे, उसी दौरान खेत के खलिहान में रही धान की फसल में अचानक आग लग गई, देखते ही देखते आग इतनी विकराल हो गई कि पास में बनी झोपड़ी में आग की लपटें लग गई। झोपड़ी सहित दो मासूम बच्चें जलकर खाक हो गए। घटना के बाद जिले के तमाम प्रशासनिक अधिकारियों ने घटनास्थल पर जाकर हालात का जायजा लिया। आग कैसे लगी, इसकी जांच की जा रही है, अभी तक स्पष्ट नही हो पाया है कि आग कैसे लगी। फिलहाल पीड़ित परिवार को तत्काल 10,000 रुपये की अंत्येष्टि राशि प्रदान की गई। इसके अलावा, 4-4 लाख रुपये (कुल 8 लाख रुपए) की राहत राशि पीड़ित परिवार को देने की घोषणा की गयी है।