मध्यप्रदेश के बुरहानपुर कलेक्ट्रेट में उस वक्त सभी चौंक गए, जब जिले के ग्रामीण क्षेत्र अडगांव के दो युवा पोस्टर-बैनर लेकर जिला कलेक्टर को बधाई देने पहुंचे। ये दोनों युवा ग्राम अडगांव में अवैध शराब के सेवन से बीते सालों में हुई सोलह युवाओं की मौत और जुआ-सट्टे के बढ़ते प्रचलन से बेहद आक्रोशित थे। उन्होंने अनोखे अंदाज में विरोध दर्ज करते हुए जिला प्रशासन को बधाई दी। युवाओं का कहना था कि गांव में चल रहे जुआ-सट्टे की वजह से ग्रामीण अब छोटे बच्चों को स्कूल भेजने के बजाय सट्टे की चिट्ठी लेने भेज रहे हैं, जिससे बच्चों और युवाओं पर इसका बुरा असर हो रहा है। फिलहाल, जिला प्रशासन ने उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
मौत की बधाई के बैनर पर लिखा गया संदेश
ग्रामीण युवाओं ने बैनर पर लिखा था, "बुरहानपुर प्रशासन, ग्राम अडगांव के सरपंच, जिम्मेदार नागरिकों और युवाओं को पहले हुई 10 से 15 युवाओं और 16 नवंबर, शनिवार को जहरीली शराब से हुई एक और युवक की मौत के लिए बहुत-बहुत बधाई। आगे होने वाली मौतों के लिए अभी से बधाई देता हूं। आपसे आशा करता हूं कि ग्राम अडगांव में जुआ और सट्टा, जहरीली शराब इसी तरह खुलेआम चलते रहें, जिससे और परिवार बर्बाद हों। आने वाली पीढ़ी भी नशे की गिरफ्त में आ जाए और युवा अवस्था में अपने परिवार को निराश्रित कर आत्महत्या करने या बीमारी से मरने को मजबूर हो जाए। इसके साथ ही बैनर पर सट्टा लिखते हुए एक बच्चे की तस्वीर लगाई गई थी। इसके नीचे लिखा गया, "बच्चों को मिल रही है गलत शिक्षा, सट्टा लिखने आए बच्चे।"
युवक की मौत पर बधाई देने पहुंचे ग्रामीण
कलेक्ट्रेट कार्यालय में बधाई देने पहुंचे अडगांव के युवक आनंद पाटिल ने कहा, "आज हम शिकायत करने नहीं, बल्कि कलेक्टर महोदय को बधाई देने आए हैं। दो साल पहले हमने ज्ञापन देकर अवगत कराया था कि गांव में कच्ची शराब की बिक्री बहुत ज्यादा हो रही है। पिछले 10 सालों में हमारे गांव के 8-10 लोग कच्ची शराब के कारण अपनी जान गंवा चुके हैं। उस समय ज्ञापन देने के बाद 8-10 दिन तक स्थिति सुधरी, लेकिन फिर वही हालात हो गए। हाल ही में एक और युवक की मौत हुई है, इसलिए हमने इस समस्या को बधाई के माध्यम से उठाने का निर्णय लिया, ताकि प्रशासन इस पर ध्यान दे।"
सख्त कार्रवाई की जाएगी
जिला शिक्षा अधिकारी संतोष सिंह सोलंकी ने कहा कि उन्हें मीडिया के माध्यम से पता चला है कि ग्राम अडगांव में कुछ बच्चे स्कूल न जाकर सट्टा लिखने का काम कर रहे हैं। इसकी जांच कराई जाएगी, और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जीरो टॉलरेंस पॉलिसी के तहत होगी कार्रवाई
इस मामले पर जिला कलेक्टर भाव्या मित्तल ने कहा, "गांव में जुआ-सट्टा चलने की शिकायत गंभीर है। यदि छोटे बच्चे इन गतिविधियों में शामिल हो रहे हैं, तो यह उनके भविष्य पर नकारात्मक प्रभाव डालेगा। हम शिक्षा विभाग, आबकारी विभाग और पुलिस विभाग के माध्यम से इस पर कार्रवाई करेंगे। इसे जीरो टॉलरेंस पॉलिसी के तहत कार्रवाई की जाएगी।