मध्य प्रदेश में इन दिनों रबी सीजन की फसलों की बोवनी का समय चल रहा है। इसको लेकर किसान जहां एक ओर अपने खेतोंं को बोवनी के लिए तैयार करने में जुटे हैं तो वहीं इस बीच खेत तैयार होने के बाद सबसे पहले उन्हें खाद की जरूरत होगी। इसके लिए भी वे चिंता करते देखे जा रहे हैं। इधर प्रदेश के कई जिलों में खाद को लेकर अभी भी किल्लत बनी हुई है, और किसानों को लंबी-लंबी लाइनोंं में लगकर आधार कार्ड के मान से गिनती की बोरियां दी जा रही हैंं। किसानों के लिए बोवनी करने में मात्र 15 से 20 दिन का समय और बचा है। ऐसे में किसान जल्द से जल्द खाद लेकर उसे अपने खेत में डालकर बोवनी की चिंता से मुक्त होना चाहते हैंं। हालांकि ऐसा होना अभी संभव नहीं दिख रहा है, क्योंकि खाद की किल्लत से प्रदेश का निमाड़ अंचल भी अछूता नहीं है, और यहां भी डीएपी खाद के लिए किसान परेशान होते और लाइनों में लगते देखे जा रहे हैंं।
इसी बीच प्रदेश के बुराहनपुर जिले से विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री अर्चना चिटनिस ने किसान कल्याण एवं कृषि विकास मंत्री एदलसिंह कंषाना सहित किसान कल्याण एवं कृषि विकास विभाग के सचिव और इससे जुड़े अधिकारियोंं से खाद की कमी को लेकर चर्चा की है, तो वहीं विधायक चिटनिस ने इसको लेकर पत्राचार करते हुए क्षेत्र के किसानों की मांग पर रबी सीजन वर्ष 2024-25 के लिए कॉम्प्लेक्स उर्वरकों की भी तत्काल उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग रखी है। इधर उनकी इस मांग का असर होता भी दिखाई दिया है और इस पर कृषि मंत्री कंसाना ने संबंधित अधिकारियों को उर्वरक की तत्काल उपलब्धता सुनिश्चित कराने के भी निर्देश जारी कर दिए हैैं।
इस दौरान विधायक अर्चना चिटनिस ने बताया कि बुरहानपुर जिले में रबी मौसम में केला, गन्ना, मक्का, गेहूं एवं चना की बोवनी प्रांरभ हो गई है। इसमें डीएपी, एनपीके, उर्वरक किसानों द्वारा उपयोग किया जाता है। वर्तमान में जिले में एनपीके उर्वरक 12ः32ः16, 10ः26ः26 किसानों को उपलब्ध होने में समस्या हो रही है। इसको देखते हुए किसानों द्वारा लगातार उर्वरक की मांग की जा रही है। इसको लेकर क्षेत्र के व्यापक कृषक हित में हमने बुरहानपुर जिले में खाद की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित किए जाने की बात रखी है।