लखनऊ के गोमतीनगर निवासी डॉ. जिनेंद्र जैन वर्ष 1995 से प्रकृति के संरक्षण में अहम योगदान दे रहे हैं। शहर को प्रदूषणमुक्त करने के लिए डीजल और पेट्रोल वाले वाहन से यात्रा नहीं करते हैं। पोलीथिन की जगह कपड़े का थैला और प्लास्टिक के गिलास की जगह कांच का इस्तेमाल माल करते हैं। 1996 से 2001 के बीच उन्होंने राजकीय कॉलोनी बादशाहनगर में अशोक के 500 पौधे लगाए थे। इनमें से कोई भी पौधा सूखने नहीं दिया। आज वे सीएमएस गोमतीनगर से अंबेडकर पार्क तक के साइकिल पथ पर लिली के पौधे लगा रहे हैं। उनका लक्ष्य है कि एक किमी तक फ्लावर पॉट्स से मार्ग को सुशोभित किया जाए। हर सुबह टहलने जाते हैं तो पौधों को पानी देते हैं। उनके पर्यावरण संरक्षण की यात्रा को लेकर बातचीत: