एसटीएफ लखनऊ टीम और निगोहां पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में बुधवार रात बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने घेराबंदी कर एक डीसीएम में लदा लगभग सात क्विंटल 75 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत करीब एक करोड़ रुपये आंकी जा रही है। पुलिस ने मौके से एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। वहीं, गिरोह के अन्य सदस्य फरार बताए जा रहे हैं। थानाध्यक्ष अनुज तिवारी ने बताया कि एसटीएफ को सूचना मिली थी कि ओडिशा से बड़ी मात्रा में गांजा लाकर लखनऊ और आसपास के जनपदों में सप्लाई किया जाना है। इस इनपुट के आधार पर एसटीएफ और निगोहां पुलिस ने बुधवार रात नगराम मोड़ के आगे चेकिंग अभियान चलाकर संदिग्ध वाहनों की निगरानी शुरू की। उसी दौरान आ रही डीसीएम नंबर UP-71/AT-3380 को पुलिस ने रोकने का प्रयास किया तो डीसीएम चालक पुलिस को देखकर गाड़ी भगाने लगा जिस पर निगोहां-नगराम मार्ग पर स्थित रेलवे क्रॉसिंग पर बने डिवाइडर के पास सरकारी जीप लगाकर डीसीएम को रोक लिया गया। डीसीएम को थाने लाकर तलाशी ली गई तो वाहन में रखी 31 बोरियों में 775 पैकेट मिले जिनमें लगभग 7 क्विंटल 75 किलोग्राम गांजा भरा हुआ था। पुलिस ने फतेहपुर निवासी कौशल कुमार (22) को गिरफ्तार कर लिया और तलाशी के दौरान उसकी जेब से दो मोबाइल फोन व 210 रुपये नकद बरामद किए। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि गांजे की यह खेप ओडिशा से लाकर उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों में सप्लाई की जानी थी। वहीं, पुलिस के अनुसार बरामद माल नगराम थानाक्षेत्र के रहने वाले मयंक गुप्ता के पास पहुंचाया जा रहा था जहां से इसे अलग-अलग स्थानों पर सप्लाई किया जाता था। पुलिस के मुताबिक इस तस्करी में समरजीत उर्फ सोनू गुप्ता, मयंक कुमार गुप्ता, रविंद्र जायसवाल उर्फ रवींद्र और सैय्यद दावर अलवी सहित कई अन्य शामिल हैं। सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है। थानाध्यक्ष ने बताया कि एसटीएफ के इनपुट पर कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में गांजा बरामद किया गया है। पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है और जल्द ही गिरोह के अन्य सदस्यों को भी गिरफ्तार किया जाएगा।