लगातार दूसरे दिन हवा बेहद खराब बनी हुई है। दिल्ली हवा ने सबको परेशान कर दिया है रविवार की ही बात कर ले तो सुबह धुंध और कोहरे से दृश्यता कम रही। जिसकी वजह से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा है। आलम ये रहा रहा कि कई इलाकों में एक्यूआई 400 से ऊपर दर्ज किया गया। राजधानी दिल्ली में रविवार को भी हवा बेहद खराब श्रेणी में दर्ज की गई। इससे पहले शनिवार को भी वायु गुणवत्ता बेहद खराब बनी रही। रविवार सुबह राजधानी में धुंध और कोहरे की मोटी परत छाई रही, जिससे दृश्यता काफी कम हो गई। एयर क्वालिटी अर्ली वार्निंग सिस्टम फॉर दिल्ली के अनुसार, कई इलाकों में एक्यूआई 400 से अधिक दर्ज किया गया, जो बेहद खराब श्रेणी में आता है।
आनंद विहार इलाके के आसपास जहरीली धुंध की परत छाई है, जिससे राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली प्रभावित हो रही है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार, आनंद विहार में वायु गुणवत्ता सूचकांक 445 दर्ज किया गया है, जो गंभीर श्रेणी में है। वहीं चांदनी चौक में एक्यूआई 415, द्वारका में 404, आईजीआई एयरपोर्ट क्षेत्र में 321, आईटीओ में 403 और विवेक विहार इलाके में एक्यूआई 428 दर्ज किया गया है।
दिल्ली-एनसीआर में धुंध छाने के साथ हवा जहरीली हो गई है। लोग का मानना है कि प्रदूषण सिर्फ सांस और दिल को नुकसान पहुंचाता है, लेकिन अब डॉक्टरों ने इसे हड्डियों और जोड़ों के लिए भी खतरा बताया है। प्रदूषण में मौजूद पीएम 2.5 हड्डियों और जोड़ों को भी कमजोर कर रही है। ऐसे में अस्पतालों में इन दिनों जोड़ों के दर्द के मरीजों की संख्या पहले से बढ़ गई है। खासकर वे लोग जो पहले से गठिया (अर्थराइटिस) के मरीज हैं, उनका दर्द इतना बढ़ गया है कि दवा की मात्रा भी बढ़ानी पड़ रही है।
डॉक्टरों का कहना है कि ठंड के मौसम में मांसपेशियां सिकुड़ती हैं और खून का बहाव कम हो जाता है, ऊपर से प्रदूषण का असर। दोनों मिलकर गठिया के मरीजों के लिए मुश्किल पैदा कर रहे हैं। आर्थोपेडिक विभाग के डॉ. अरविंद मेहरा बताते हैं, पिछले दो महीनों में जोड़ों के दर्द के मरीज बहुत बढ़ गए हैं। बुजुर्गों और पहले से गठिया वाले लोगों में यह ज्यादा देखा जा रहा है।