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Sirmour: कैंट स्कूल नाहन में 48 लाख रुपये के बजट से तैयार किये जा रहे चार कमरे

राजकीय उच्च विद्यालय कैंट में कमरों की कमी के कारण अब बरामदे और स्टॉफ रूम के एक कोने में कक्षाओं का संचालन नहीं करना पड़ेगा। बहुत जल्द स्कूल को चार नये कमरे मिलने जा रहे हैं। यहां स्कूल मैदान में 48 लाख रुपये की लागत से चार कमरे तैयार किये जा रहे हैं। बीएसएनएल विभाग इन कमरों का निर्माण कर रहा है। जल्द ही ये कमरे स्कूल को समर्पित होंगे। ऐसा होने से स्कूल में चल रही कमरों की दूर होगी और विद्यार्थियों को बैठने की माकूल सुविधा मिल सकेगी। गौरतलब रहे कि स्कूल में कमरों और दूसरी मूलभूत सुविधाओं की कमी को लेकर अखबार ने 2 मई 2024 के अंक में कैंट स्कूल नाहन में टाट-पट्टी पर पढ़ाई करने को मजबूर बच्चे..., खबर प्रकाशित की थी। इस खबर के जरिये शिक्षा विभाग के ध्यान में लाया था कि स्कूल में बने कमरे बहुत छोटे हैं। इस कारण डेस्कों को सटा-सटा कर लगाया गया है, इसके बाद भी कई कक्षाओं में सभी बच्चों को डेस्क पर बैठने की जगह नसीब नहीं है। इस कारण कई विद्यार्थी नीचे टाट-पट्टी पर बिठाने पड़ रहे हैं। इससे पढ़ाई प्रभावित हो रही है। यही नही, खबर के जरिये बताया गया था कि 2015 में कैंट स्कूल का दर्जा बढ़ाकर इसे उच्च विद्यालय किया था। दर्जा तो बढ़ा दिया लेकिन कमरों की संख्या वही रही। वर्तमान में इस स्कूल में 6 कमरे हैं। एक बहुत छोटे से कमरे में मुख्य अध्यापिका का दफ्तर है। चार कमरों में चार कक्षाएं संचालित की जा रही है। एक कमरे में स्टॉफ रूम और एक कक्षा का संचालन किया जा रहा है। पढ़ाई प्रभावित होने के कारण बच्चों को अब टाट पट्टी पर बरामदे में बिठाया जाने लगा है। इस साल पिछले साल की तुलना में इस स्कूल में 25 प्रतिशत अधिक बच्चों ने दाखिला लिया है। इस कारण छोटे छोटे कमरों में कक्षा के संचालन में भी दिक्कतें पैदा हो गई हैं। आलम यह है कि कक्षाओं में अध्यापिकाओं के लिए टेबल तक नहीं लग पा रहा। कमरे इतने छोटे हैं कि अब दाखिला लेने आ रहे बच्चों को भी यहां दाखिला देने से इंकार करना पड़ गया है। स्कूल प्रशासन कई बार विभाग को अतिरिक्त कमरों के बारे में लिख चुका है लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। इस खबर के बाद शिक्षा विभाग ने स्कूल में कमरों की कमी दूर करने को लेकर कई प्रयास शुरू किये। लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने भी स्कूल का दौरा किया, लेकिन बात नहीं बनी। अब जाके समग्र शिक्षा अभियान के माध्यम से अब यहां चार नये कमरों का निर्माण किया जा रहा है। स्कूल की प्रधानाचार्य सीमा वर्मा ने बताया कि समग्र शिक्षा अभियान द्वारा बीएसएनएल के माध्यम से यहां पर चार कमरे तैयार करवाए जा रहे हैं। इसपे 48 लाख रुपये की राशि खर्च की जा रही है।

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