जनजातीय जिला लाहौल एवं स्पीति के अतिरिक्त उपायुक्त कार्यालय काज़ा के सम्मेलन कक्ष में वन अधिकार अधिनियम-2006 के तहत तहसील काजा के अंतर्गत आने वाली सभी 13 पंचायतों के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें मंगलवार को पहले दिन पांच पंचायतों के प्रधानों, उप-प्रधानों, पंचायत सचिवों और संबंधित पंचायतों के एफआरसी प्रधान, उपप्रधान राजस्व, वन-विभाग के कर्मचारियों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इस जागरूकता शिविर में विभिन्न पंचायतों के लगभग 65 जन-प्रतिनिधियों ने भाग लिया। शेष आठ पंचायतों के लिए कल सात मई को प्रशिक्षण एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यशाला की अध्यक्षता करते हुए कार्यकारी अतिरिक्त उपायुक्त काजा शिखा ने मास्टर ट्रेनर एवं टीएसी सदस्य सोनम तरगे और मास्टर ट्रेनर एवं एफआरए सचिव टकपा तेनजिन सहित प्रशिक्षण के लिए विभिन्न पंचायतों से आए जनप्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए कहा कि इस प्रशिक्षण एवं जागरूकता शिविर के आयोजन से वन अधिकार अधिनियम संबंधी विभिन्न प्रक्रियाओं की जानकारी हासिल करेंगे। जिससे प्रक्रिया में और तेजी आएगी। उन्होंने पंचायत जनप्रतिनिधियों से वन अधिकार अधिनियम-2006 के तहत पात्र लोगों को लाभान्वित करने के लिए ज़मीनी स्तर पर कार्य करने का आग्रह किया। कार्यशाला में मास्टर ट्रेनर सोनम तरगे और टकपा तेनजिन ने संसाधन व्यक्ति के रूप में उपस्थित जनों को वन अधिकार अधिनियम की बारीकियों से अवगत करवाया। इस दौरान उन्होंने लोगों के विभिन्न संशयों को भी दूर किया गया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।