शलाटी घोड़ी के अधिष्ठाता देवता नरेशर लक्ष्मी नारायण कुमसू शुक्रवार से 12/20 क्षेत्र के तीन दिवसीय प्रवास पर निकले। नरेशर देवता साहिब लक्ष्मी नारायण लाव-लश्कर के साथ कुमसू मंदिर से रवाना हुए। छिज्जा कालेश्वर देवठी मंदिर में नाचते-गाते पहुंचे। यहां पहुंचने पर देवता साहिब और मंदिर कमेटी ने उनका भव्य स्वागत किया। गौर हो कि छिज्जा कालेश्वर मंदिर देवठी में बिरशी मेले का आयोजन किया जा रहा है। देवता साहिब लक्ष्मी नारायण कुमसू शिकरत कर मेले की शोभा बढ़ाएंगे। बताया जा रहा है कि करीब दो दशक बाद देवठी मंदिर में छिज्जा कालेश्वर और नरेशर लक्ष्मी नारायण का महामिलन हुआ और आकर्षण का केंद्र रहा। दोनों भाइयों के ऐतिहासिक मिलन के हजारों लोग साक्षी बनें। ग्रामीणों ने देवता साहिब के समक्ष शीश नवाया और सुख-समृद्धि की कामना की। शनिवार को मंदिर में बिरशी मेला धूमधाम से मनाया जाएगा।