होली पर्व के अवसर पर आयोजित होने वाला रामपुर के जिला स्तरीय फाग मेला 5 से 8 मार्च तक मनाया जाएगा। पदम महल परिसर में आयोजित होने वाले मेले में इस वर्ष शिमला और कुल्लू जिले के 21 देवी देवता शोभा बढ़ाएंगे। मेले के दौरान एनएच पांच पर सजने वाली दुकानों को लेकर दो मार्च से प्लॉट आवंटन प्रक्रिया शुरू होगी। जिला स्तरीय फाग मेले के सफल एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर नगर परिषद कार्यालय रामपुर में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता एसडीएम रामपुर हर्ष अमरेंद्र सिंह ने की बैठक में पुलिस, जल शक्ति विभाग, विद्युत बोर्ड, नगर परिषद, देव समाज, व्यापार मंडल, लोक संपर्क और अग्निशमन विभाग के अधिकारियों, प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक में बताया गया कि जिला स्तरीय फाग मेला 5 से 8 मार्च तक ऐतिहासिक राज दरबार परिसर रामपुर में आयोजित होगा। मेले का शुभारंभ 5 मार्च को सुबह 11 बजे देवी-देवताओं के आगमन के साथ होगा और समापन 8 मार्च को उनकी विदाई के साथ होगा। एसडीएम ने सभी विभागों को निर्देश दिए कि मेले के दौरान कानून व्यवस्था, स्वच्छता, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, यातायात प्रबंधन, पार्किंग व्यवस्था और अग्नि सुरक्षा के सभी आवश्यक प्रबंध समय रहते सुनिश्चित किए जाएं, ताकि स्थानीय लोगों और बाहरी क्षेत्रों से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधाओं का सामना न करना पड़े। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए मेले को सफल बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि मेले में दुकानें लगाने को लेकर प्लॉट आवंटन 2 मार्च को किया जाएगा। मेले के दौरान विभिन्न देवी-देवताओं के साथ आए देवलुओं की ओर से चार दिन पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुनों पर लोकनृत्य प्रस्तुत किए जाएंगे। उत्कृष्ट पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत करने वाले देवलुओं को प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि मेले में आमंत्रित सभी देवी-देवताओं को नगर परिषद की ओर से नजराना दिया जाएगा। नजराना राशि में इस बार पिछले वर्ष की तुलना में 5 से 15 प्रतिशत तक वृद्धि की गई है। एसडीएम ने कहा कि फाग मेला क्षेत्र की समृद्ध देव संस्कृति एवं पारंपरिक विरासत का प्रतीक है। सभी विभागों एवं स्थानीय संस्थाओं के सहयोग से इस आयोजन को भव्य एवं सफल बनाया जाएगा।