नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर की आपात सेवाओं में कभी भी ताला लटक सकता है ऐसी संभावनाएं अस्पताल के विशेषज्ञ चिकित्सकों के पद खाली हो जाने से प्रबल हो गई है। स्वीकृत कुल 19 चिकित्सकों के पदों में से 12 पद अभी तक खाली हो चुके हैं और तीन और विशेषज्ञ चिकित्सकों के स्थानातंरण की शुरू हुई कवायद के बाद अब उपमंडलीय अस्पताल चार चिकित्सकों के हवाले रहेगा। ऐसे में अस्पताल की ओपीडी और आपात सेवाओं के एक साथ संचालन को लेकर चिकित्साधिकारियों की दिक्कतें भी बढ़ गई है। स्वास्थ्य विभाग के द्वारा अस्पताल की आठ ओपीडी में इन दिनों एक या दो ओपीडी में ही चिकित्सक मिल पा रहे हैं और आपात सेवाओं में तैनाती के बाद नाइट ऑफ ले रहे चिकित्सकों की ओपीडी में गैर मौजूदगी से स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह से प्रभावित हुई हैं। मंगलवार को नागरिक अस्पताल जोगेंद्रनगर की मुख्य ओपीडी में अवकाश के चलते चिकित्सक नहीं मिल पाए और आपात सेवाओं में उमड़ी मरीजों की भीड़ को स्वास्थ्य लाभ हासिल करना चुनौती बना रहा। नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर में बकौल शिशु विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ रोशन लाल कौंडल अपनी पदोन्नति को लेकर कभी भी रिलीव होसकते हैं। वहीं शल्य विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ अभिनव और हड्डी रोग विशेषज्ञ चिकित्सक सीनियर रैजीडैंट की पढ़ाई के लिए प्रदेश के चिन्हित मेडिकल कॉलेजों में अपनी पढ़ाई के लिए अधिकारिक स्वीकृति मिलने के बाद स्थानीय अस्पताल से नाता तौड़ेगें। इसके बाद अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं की बात करें तो दो चिकित्साधिकारी डॉ. अंकित और माणिक्य के अलावा एनास्थिजिया विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ जीवन और स्त्री रोग विशेषज्ञ चिकित्सक ही सेवा में मौजूद रहेगें। प्रदेश सरकार की उदासीनता के चलते जोगेंद्रनगर के अस्पतालों को नहीं मिल पा रहे हैं। नागरिक अस्पताल जोगेंद्रनगर, चौंतड़ा और लडभड़ोल में चिकित्सकों की नियुक्ति न होने से प्रभावित हुई स्वास्थ्य सेवाओं पर भाजपा विधायक प्रकाश राणा ने कहा कि मौजूदा सरकार के सौतेले व्यवहार के चलते उपमंडल के तीनों अस्पतालों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति नहीं हो पाई है। जिसका खामियाजा क्षेत्र की 55 पंचायतों की करीब सवा लाख आबादी को भुगतना होगा। इधर कांग्रेस नेता जीवन ठाकुर ने कहा कि उपमंडल के तीनों सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार हो इसके लिए वह प्रदेश कांग्रेस सरकार से पत्राचार करेगें। कहा कि जोगेंद्रनगर के सभी अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए वह प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य सचिव के भी संपर्क में है।